नई दिल्ली : इजरायली राजनयिक पर हमले के आरोपी सैयद मोहम्मद अहमद काजमी के खिलाफ मनी लांड्रिंग का शिकंजा कस गया है। प्रवर्तन निदेशालय ने काजमी के खिलाफ मनी लांड्रिंग रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत केस दर्ज कर उनकी पत्नी को समन भेजकर पूछताछ के लिए बुलाया है। वहीं हमले के आरोपी चार ईरानी नागरिकों के खिलाफ इंटरपोल ने रेड कार्नर नोटिस जारी कर दिया है।
ईडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि दिल्ली पुलिस के अनुरोध पर काजमी को मिली विदेशी मुद्रा के स्रोत की जांच विदेशी मुद्रा प्रबंधन कानून (फेमा) के तहत शुरू की गई थी। पर राजनयिक पर हमले में काजमी की भूमिका से जुड़े सबूत देखने के बाद एजेंसी ने मनी लांड्रिंग का केस दर्ज करने का फैसला किया। उनके मुताबिक काजमी और उसकी पत्नी को नियमित तौर पर विदेशी मदद मिलती रही है। इस महीने तक काजमी की पत्नी ने 18,78,500 रुपये, जबकि काजमी ने 3.80 लाख रुपये विदेशी मुद्रा के तौर पर प्राप्त किए हैं। काजमी को मिली विदेशी मुद्रा का संबंध राजनयिक पर हमले से साबित होने की स्थिति में मनी लांड्रिंग रोकथाम कानून के तहत उसे जब्त किया जा सकता है।
दूसरी ओर राजनयिक पर हमले की साजिश रचने वाले चार ईरानी नागरिकों के खिलाफ इंटरपोल ने रेड कार्नर नोटिस जारी कर दिया है। दिल्ली पुलिस के अनुरोध पर सीबीआइ ने इंटरपोल से इन ईरानी नागरिकों के खिलाफ रेड कार्नर नोटिस जारी करने को कहा था। रेड कार्नर के आधार पर इंटरपोल से जुड़े सभी 190 देशों में कहीं देखे जाने पर इन नागरिकों को गिरफ्तार कर भारत प्रत्यर्पण किया जा सकता है। साभार : जागरण





