लुधियाना के जगराओं में एक इलेक्ट्रानिक चैनल का पत्रकार बताकर ब्लैकमेल करने आए व्यक्ति को जंगलात विभाग के स्टाफ ने घेर लिया। जंगलात अधिकारी ने मौके पर इलाके के पत्रकारों को बुलाकर जाली पत्रकार द्वारा ब्लैकमेल करने की जानकारी दी। जाली पत्रकार ने अधिकारियों को ब्लैकमेल करने के लिए एक इलेक्ट्रानिक चैनल के पत्रकार द्वारा भेजने का दावा भी किया।
लुधियाना-फिरोजपुर नेशनल हाइवे पर स्थित जंगलात विभाग, जगराओं के दफ्तर में शुक्रवार सुबह एक जाली पत्रकार इलेक्ट्रनिक कवरेज करने वाला कैमरा लेकर जा पहुंचा। मौके पर मौजूद अधिकारी कर्मजीत सिंह को रेंज में आते एरिये में बड़े स्तर में पेड़ चोरी होने और रिकार्ड में हेराफेरी करने के आरोप लगाते खूब रोब झाड़ा। इस पर विभाग का पूरा स्टाफ इकट्ठा हो गया और उन्होंने रोब झाड़ने वाले जाली पत्रकार को पहचान पत्र दिखाने को कहा तो जाली पत्रकार के पसीने छूटने लगे। वन अधिकारी ने मौके पर इलाके के पत्रकार सूचना देकर बुला लिए।
जैसे ही पत्रकार जाली पत्रकार का कारनामा देखने पहुंचे तो खुद को फंसते देख व्यक्ति ने जगराओं के ही एक इलेक्ट्रानिक चैनल के पत्रकार ने उसे विभाग अधिकारी को ब्लैकमेल करने के लिए भेजने को कह दिया। विभाग अधिकारी कर्मजीत सिंह ने बताया कि इससे पहले भी उक्त जाली पत्रकार उन्हे दो बार ब्लैकमेल कर हजारों रुपये ले चुका है। जाली पत्रकार शुक्रवार को भी इलाके में कई जगह पेड़ चोरी होने की खबरें लगाने का रोब मार कर ब्लैकमेल करने आया था।
कर्मजीत ने बताया कि उन्होंने उक्त पत्रकार को बताया कि उनके पास स्टाफ काफी कम है। जिस कारण पेड़ चोरी हो रहे है और चोरी से सरकार का नहीं उनका खुद का नुकसान हो रहा है, क्योंकि विभाग के जितने भी पेड़ चोरी होते हैं उसकी कीमत संबंधित एरिया के मुलाजिम के वेतन से काट ली जाती है। जाली पत्रकार ने जैसे ही खुद को फंसते देखा तो विभाग अधिकारियों से आगे से ऐसी गलती न करने को कहकर पीछा छुड़वाया। (जागरण)





