भोपाल से हाल ही लांच हुआ बंसल न्यूज अपनी टीआरपी बढ़ाने के लिए फर्जी तौर-तरीके और हथकंडे अपनाने पर उतारू हो गया है. रविवार की शाम भोपाल के उपनगर बैरागढ़ में 2 मजदूरों की मौत और 14 मजदूरों के बीमार होने की खबर ब्रेक हुई. इसके तुरंत बाद बंसल न्यूज के कम अनुभवी लेकिन अति उत्साही टीम लीडरों ने आनन-फानन में लाइव करना शुरू कर दिया.
मामला बैरागढ़ के सिविल अस्पताल का था, जो भोपाल में बंसल के आफिस से करीब 18 किमी दूर है. इस खबर के लाइव पर उतारू चैनल के जवानों ने लाइब्रेरी से भोपाल के जेपी अस्पताल के जनरल शाट्स कटवाए और एक्सक्लूसिव लगाकर रिपोर्टर को गली में खड़ा कर लिया. आधे घंटे
तक यह लाइव नौटंकी चलती रही.
उधर न्यूज रूम में आउटपुट हेड्स (यहां कई स्वघोषित आउटपुट हेड हैं) इस लंका विजय पर अपनी पीठ थप थपाते रहे. भोपाल और प्रदेश की जनता को एक्सक्लूसिव लाइव के नाम पर धोखाधड़ी परोसी जाती रही. उधर चैनल के एंकर और रिपोर्टर चीख-चीख कर सरपंच को घेरने में जुट गए. जबकि सरपंच साब ने बताया कि मामला इतना गंभीर नहीं है, जितना बताया जा रहा है.
दरअसल मालिक द्वारा करोड़ों के निवेश करने के बावजूद भी उनकी किचन कैबिनेट के कर्ताधर्ता (कभी मैनेजिंग एडिटर, कभी प्रोग्रमिंग हेड, कभी चैनल हेड.. और पता नहीं क्या-क्या) पर भी दबाव है. चैनल प्रबंधन अभी तक नहीं समझ पाया कि अच्छी मशीनों के लिए भी अच्छे आदमियों की जरूरत होती है. बहरहाल इस फर्जी एक्सकिलूसिव से मीडिया में इथिक्स की बात करने वाले लोगों को चोट पहुंची है.
एक पत्रकार द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित.












yogita
April 18, 2011 at 10:42 am
>:(>:(>:( not done…
media professional
April 18, 2011 at 1:08 pm
मीडिया को मिशन के बजाय व्यापार मानने की नादानी ने हीं पूरे प्रेस के सामने विश्वास का संकट पैदा किया है… खास तौर पर टेलीविज़न मीडिया के ग्लैमर ने चिंतन के बजाय चेहरों को ही आकर्षित किया है… लिहाज़ा आत्मचिंतन का वक्त इस चैनल के मालिकों के लिए भी है… और उस टीम के लिए भी… जिसने मीडिया को मज़ाक बनाने की पहल कर दी है….
Vikram
April 18, 2011 at 2:26 pm
vakai ek acche channel ko chalane ke liye, acche logo ki jarurat hoti hai, aur Bansal me achche aur pratibhavaan log nahi hai,,,, bas sab ke sab Head bane huye hai,,,,,
G K SHRIVASTAVA
April 19, 2011 at 9:50 am
[b]BANSAL GROUP HI BAKWAS HAI KYA COLLAGE KEH LO OR AB NEWS CHANNEL HI DEKH LO EK STUDENT KI JINDGI BARWAD KAR RAHA HAI EK JOURNALISM KI [/b]
ATUL
April 20, 2011 at 12:26 pm
news sirf ek vyapaar banti ja rahi hai bansal news iska ek aur example hai pahle bhi kai log is kaam mein apne haad jala chuke hai abh bharat samachar aur bansal news ke malik bhi dhoobne wale hai kher kuch hi mahino mein aise channelo ke band hone ki khabre aane hi wali hai.
गुमनाम प्रसाद साहू
April 21, 2011 at 1:26 pm
जितनों ने कमेंट दिया है साले सब के सब चूतिये हैं……..
ramesh
April 22, 2011 at 11:08 am
औऱ तू सबसे बडा चूतिया
kd
April 23, 2011 at 2:22 pm
bade dhoom dhadake se louch hua bansal news me chutiyon ki sarkar hai iase me yogya logon ko pareshni ka samna karna pad raha hai. mahatwapurn pad par baithe ye gadhe kam to karne hi nahi de rahe hain
Ashok
May 14, 2011 at 7:24 am
Bansal ko news channel nahi kisi besan ka nam hona chaiye tha…he he he