देखिये यहाँ पर दो लोगो हैं. एक अखबार का है. एक न्यूज चैनल का है. लेकिन दोनों लोगो के नारे एक जैसे हैं. दोनों की पंचलाइन एक है. ये दोनों अलग-अलग कंपनियों के प्रोडक्ट हैं. अमर भारती के मालिकान अलग हैं. पी7न्यूज के अलग. पर दोनों की पंचलाइन एक है. गजब की सिमिलरटी है. किसने किससे इसे चुराया है, यह तो फिलहाल यहां नहीं बताया जा सकता लेकिन इस रोचक समानता को देखकर हैरान जरूर हुआ जा सकता है.
इसको देख कर यह भी लग रहा है कि अब इन चीजों पर नज़र रखने वाला कोई नहीं है. एक और खास बात, दोनों को ही एक ही उम्मीद है कि कैसे भी हमारा अखबार और चैनल चल जाये. तो जाहिर है, उम्मीदों में समानता तो है ही.














sameer shahi
September 15, 2011 at 12:18 pm
a kaun si nayi baat hai yanha to her pal koi kisi ka kuch na kuch chura hi rha hai to inhone chura liya to kaun si aafat aa gayi chori ka ilzam lagane wale kya batyenge ki unhone kya kya churaya hai….
media.com chhattisgarh
September 21, 2011 at 4:16 pm
p7 ek bahut hi badhiya channel hai, amar bharti ne iski lokpriyata ko bhunane ka prayas kiya hai jo ki galat hai.