पीआईबी मान्यता प्राप्त पत्रकारों के लिए सीजीएचएस सुविधा की मांग पर गुरुवार को कैबिनेट ने अपनी मुहर लगा दी। इस श्रेणी के पत्रकार अब एम्स, आरएमएल सहित केंद्र सरकार के अन्य अस्पतालों में ओपीडी के साथ-साथ गंभीर बीमारी की स्थिति में भर्ती होने का भी लाभ उठा सकेंगे। कैबिनेट के इस फैसले का पत्रकारों ने स्वागत करते हुए अपना विरोध भी दर्ज किया है। प्रेस एसोसिएशन के महासचिव राजीव रंजन नाग ने बताया कि इस सुविधा में पत्रकार के परिवार को भी शामिल किया जाना था, लेकिन सरकार ने ऐसा नहीं किया।
उन्होंने कहा कि पत्रकार और उनके परिवार को मिल रही यह सुविधा बीते 17 सालों से जारी थी। दो साल पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री अबुमणि रामदास ने इसे वापस ले लिया था। मान्यता प्राप्त पत्रकारों को यह सुविधा पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने उपलब्ध कराई थी। पिछले दो साल से प्रेस एसोसिएशन इस सुविधा को पुनर्बहाल करने के लिए लगातार सरकार पर दबाव बना रखा था। एसोसिएशन अपनी इस मांग के लिए प्रधानमंत्री, यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी, स्वास्थ्य मंत्री गुलाब नबी आजाद आदि से मिलकर इसे लागू करने की मांग की थी। पत्रकारों की उक्त मांग पर मंत्रीमंडल ने गुरुवार को सीजीएचएस सुविधा पर मुहर लगा दी। वर्तमान में ३३७ मान्यता प्राप्त पत्रकार इस सुविधा का लाभ उठा रहे हैं। मंत्रीमंडल के ताजा फैसले के बाद पीआईबी से मान्यता प्राप्त सीजीएचएस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। साभार : हमारा महानगर











