जालंधर में पंजाब केसरी के पत्रकार राजेश शर्मा ने बस स्टैंड के पास एक बस चालक को सड़क पर सही ढंग से बस चलने की नसीहत दे दी. यह बात बस ड्राइवर को नागवार लगी. उसने पत्रकार को समझाया तथा कहा तुम अपना काम करो. बात बिगड़ी गाली-ग्लौज हुआ. बस चालक भड़क गया. नौबत मारपीट तक पहुंच गई. फिर मारपीट हुई. इसके बाद पत्रकार ने अपने साथी पत्रकारों को बुला लिया.
बस स्टैंड पुलिस चौकी में शिकायत हुई. मामला पत्रकारों से जुड़ा था लिहाजा पुलिस ने बस ड्राइवर समेत तीन लोगों को हिरासत में ले लिया. यह मामला थाना डिविजन नम्बर छह में गया. इसके बाद बस ड्राइवर समझौते की बात करने लगा. पत्रकार ने ड्राइवर पर मारपीट के दौरान सोने की चैन छीनने का आरोप लगाया था. इसके बाद पत्रकार महोदय ने राजीनामा करने के लिए दस हजार रुपये की मांग रखी. मजबूरी में बस ड्राइवर ने दस हजार लेकर अपनी जान छुड़ाई और पत्रकार महोदय ने राजीनामा कर लिया.












akash rai
November 27, 2010 at 9:39 am
achchi khabar hai, aaj ke kuch patkaar yahi kar rahe hai
ye to banaras me bhi hua
November 27, 2010 at 10:10 am
अरे यही तो बनारस में जी यूपी ने किया। दीपावली के एक दिन पहले जी यूपी के ब्यूरो चीफ विकास कौशिक द्वारा भाड़े पर रखा गया लड़का प्रहलाद स्पाइस केसीएम में मूवी देखने गया। वहां पर टिकट को लेकर कुछ तू तू मै मै हुई। हाल के कर्मचारियों के कहने पर गार्ड ने प्रहलाद को रोकना चाहा तो मामला बढ गया। बात थाने तक गयी। जी यूपी सिनेमा हाल वालों पर हावी हो गया। लिहाजा मौद्रिक समझौते के बाद मामला सुलटा। स्पाइस केसीएम ने जी यूपी के बनारस के मठाधीशों को तू तू मै मै का हर्जाना दिया।
rahul
November 27, 2010 at 11:04 am
corporate culture ka asar chote patrkaron par kiyu nahi ho sakta… good job:D
SALEEM MALIK
November 27, 2010 at 12:00 pm
राय साहब खाने कमाने के इस नए धंधे के बारे में ऐसा मत कहो, बल्कि पतरकार की कमाई का नया फार्मूला इजाद करने की नेसर्गिक छमता की दाद दो !!!!!
Dost
November 27, 2010 at 2:00 pm
ਛਡੋ ਜੀ ਡਰਾਏਵਰ ਨੇ ਹੀ ਗਲਤ ਕੀਤਾ ਹੋਣਾ ਹੈ ਓਹੀ ਕਮੀਨੇ ਹੁੰਦੇ ਨੇ ਕਦੇ ਚੰਗੀ ਤਰਾ ਨਹੀ ਚਲਾਂਦੇ
shailendra kumar shukla
November 27, 2010 at 5:29 pm
अच्छा मुर्गा फंसा था उस दिन क्या पूछना है अब।
sach ki pitari
November 28, 2010 at 1:11 am
मार खाने से पैसे मिले तो मार अच्छी है न…ठीक उसी तरह जैसे एक वाशिंग पाउडर के विज्ञापन में दिखाते है की दाग अच्छे है न ….खाए जाओ खाए जाओ मार खाके पैसे खाए जाओ:D
pooja
November 28, 2010 at 12:10 pm
Sabse jyada maar aur paise khane wala Journalist aajkal Bhadas4media chala raha hai..
Vikash Kant
November 29, 2010 at 12:32 pm
hamare mitra aisa karte hain sunkar bura lagta hai. par ye naya nahin hai. kuchh log media se jude hi hain paisa kamane ke liye, aur pure patrkar samaj ko ninda ka patra bana rahe hain.
aise logon ke khilaf kadi karwai ki jaroorat haio.
jalandhar se reporter
November 30, 2010 at 4:09 pm
wah bhai, waise bhi punjab kesari ko to paise hi chahiye chahe maar khaake hi kyun na mile.
Syed Mazhar Husain
December 10, 2010 at 9:59 am
aise logo ko paisa hi chahiye chahe wah jis tarah se mile maar khane se ya……likh nahi sakta aise logo ki wajah se hi to patrkaar air patrkarita dino badnaam hai