Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

आयोजन

पेड न्यूज, राडिया प्रकरण विकृति का परिणाम : प्रो. कुठियाला

: लखनऊ जनसंचार एवं पत्रकारिता संस्‍थान में कार्यशाला का समापन : पश्चिमी पत्रकारिता अप्रकृतिक असमाजिक और अमानवीय है। हमने भी इसी का अनुसरण किया, इससे विकृति उत्पन्न हुई। पेड न्यूज, राडिया प्रकरण इसी विकृति का परिणाम है। पत्रकारिता बाजारू वस्तु बन गई। सबसे ऊँची बोली लगाने वाला न्यूज का मालिक बन गया। इससे समाज और राष्ट्र का हित नहीं हो सकता। मीडिया के बाजारीकरण में सिद्धान्तों की कीमत नहीं रह गई। सामाजिक संवाद के सशक्त माध्यम को इन विकृतियों को दूर करना होगा। इसे भ्रष्ट बाजार बनने से रोकना होगा। नारद के चौरासी भक्तिसूत्र में इनका समाधान है। यह बात माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बृज किशोर कुठियाला ने विश्व संवाद केन्द्र में कही।

: लखनऊ जनसंचार एवं पत्रकारिता संस्‍थान में कार्यशाला का समापन : पश्चिमी पत्रकारिता अप्रकृतिक असमाजिक और अमानवीय है। हमने भी इसी का अनुसरण किया, इससे विकृति उत्पन्न हुई। पेड न्यूज, राडिया प्रकरण इसी विकृति का परिणाम है। पत्रकारिता बाजारू वस्तु बन गई। सबसे ऊँची बोली लगाने वाला न्यूज का मालिक बन गया। इससे समाज और राष्ट्र का हित नहीं हो सकता। मीडिया के बाजारीकरण में सिद्धान्तों की कीमत नहीं रह गई। सामाजिक संवाद के सशक्त माध्यम को इन विकृतियों को दूर करना होगा। इसे भ्रष्ट बाजार बनने से रोकना होगा। नारद के चौरासी भक्तिसूत्र में इनका समाधान है। यह बात माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बृज किशोर कुठियाला ने विश्व संवाद केन्द्र में कही।

वह लखनऊ जनसंचार एवं पत्रकारिता संस्थान द्वारा आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय इलेक्ट्रानिक मीडिया कार्यशाला के समापन सत्र में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि करीब पच्चासी प्रतिशत समाचारों में समाहित नदारद रहते हैं। मीडिया और मनोरंजन में निवेश सर्वाधिक लाभप्रद और आकर्षक बन गया। यही पश्चिमी धारणा है। भारत में करीब सत्तर प्रतिशत मीडिया तन्त्र केवल सात समूहों में निहित है। ये मीडिया की दशा तय करते हैं। उसे नियन्त्रित करते हैं। इनका खुला दावा है कि समाज को सूचना देना या शिक्षित करना नहीं बल्कि विज्ञापन दाताओं को कहां तक पहुँचाना है, जिनकी जेबें भारी हैं। समाचार बिकाऊ पैकेज बन गया।

श्री कुठियाला ने कहा कि देवर्षि नारद के सभी संवाद लोकहित के लिए थे। इन्हें आधुनिक मीडिया आधार बनाना होगा। वाद को विवाद, वितण्डावाद नहीं बल्कि संवाद बनाना होगा। तभी लोकहित में तर्कसंगत परिणाम निकलेगें। विश्व के लिए वैकल्पिक संवाद की व्यवस्था प्रस्तुत करनी होगी। यह भारतीय दर्शन में है। सत्यवद पत्रकारिता का सूत्र है, यहां तो लोकगीतों में भी पत्रकारिता के संदेश हैं, असत्य न बोलने, अनुचित कार्य ना करने तथा सामाजिक सौहार्द के संदेश पत्रकारिता में निहित होने चाहिए। पत्रकारिता के विद्यार्थियों को इन तथ्यों का ध्यान रखना चाहिए।

समापन समारोह की अध्यक्षता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य अशोक बेरी ने की। उन्होंने कहा कि अच्छी पत्रकारिता के लिए ज्ञान आवश्यक है, लेकिन इसे व्यवहार में लाना होगा। निजी, पारिवारिक, सामाजिक और राष्ट्रीय हितों में एकरूपता होनी चाहिए। ये विरोधभासी नहीं हो सकते। इसके लिए व्यापक दृष्टिकोण रखना होगा।

संस्थान के निदेशक अशोक सिन्हा ने कार्यक्रम का संचालन किया। उन्होंने बताया कि कार्यशाला में 90 विद्यार्थियों ने भाग लिया। समापन कार्यक्रम में प्रमुख रूप से अवध प्रान्त सह संघचालक प्रभुनारायण श्रीवास्तव, सुभाष सिंह, राजेन्द्र मोहन सक्सेना, डा. दिलीप अग्निहोत्री, काशी एवं गोरक्ष प्रान्त प्रचार प्रमुख राजेन्द्र सक्सेना, वीरेन्द्र भट्ट, ए.के. सिंह, सत्येन्द्र अवस्थी, डा. सुनील अग्रवाल सम्मिलित हुए।

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

0 Comments

  1. umesh shukla

    December 8, 2010 at 7:52 am

    Prof kuthialaji ka yeh kathan sau pheesadi sahi hai ki aaj ke samacharpatron ke liye samachar bikaoo package ban gaya hai. sabhi samachar patra se adhikadhik dhan dohan ke prayas me lage hain, inke liye lakshman rekha tay hi ki jaani chahiye.

  2. pardeep jakhar

    December 14, 2010 at 8:10 am

    very well said sir.Judiciary system and Journalism both are in a wrong way this time.Money is a big matter for everybody that’s why now Journalism is not a profession now but business only and there are no ethics or moral values in business but only pfrofit. For a revolutionary changes our country needs intellectual people like u. We must be thankful to Bhadas4media.com to start a media news portal. By reading articles on this particular site we able to know that what’s happening in media and abt it’s real image. thanks sir.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास तक खबर सूचनाएं जानकारियां मेल करें : [email protected]

भड़ास के वाट्सअप चैनल से जुड़ें और नवीनतम खबरें पाएं : Bhadas Whatsapp

भड़ास लीगल टीम : किसी किस्म की लीगल हेल्प के लिए संपर्क करें- Bhadas Legal Team

You May Also Like

Uncategorized

भड़ास4मीडिया डॉट कॉम तक अगर मीडिया जगत की कोई हलचल, सूचना, जानकारी पहुंचाना चाहते हैं तो आपका स्वागत है. इस पोर्टल के लिए भेजी...

Uncategorized

भड़ास4मीडिया का मकसद किसी भी मीडियाकर्मी या मीडिया संस्थान को नुकसान पहुंचाना कतई नहीं है। हम मीडिया के अंदर की गतिविधियों और हलचल-हालचाल को...

हलचल

[caption id="attachment_15260" align="alignleft"]बी4एम की मोबाइल सेवा की शुरुआत करते पत्रकार जरनैल सिंह.[/caption]मीडिया की खबरों का पर्याय बन चुका भड़ास4मीडिया (बी4एम) अब नए चरण में...

Uncategorized

मीडिया से जुड़ी सूचनाओं, खबरों, विश्लेषण, बहस के लिए मीडिया जगत में सबसे विश्वसनीय और चर्चित नाम है भड़ास4मीडिया. कम अवधि में इस पोर्टल...