लांचिंग के बाद भी हिन्दुस्तान की देवरिया में मुश्किलें जारी हैं. आधा सच- आधा झूठ की मार्केटिंग अखबार पर भारी पड़ गई है. हॉकर देवरिया एडिशन के अखबारों का उठान नहीं कर रहे हैं. सिर्फ लखनऊ एडिशन से आने वाली कॉपियों को ही बांटा जा रहा है. हॉकर बुकिंग के समय अखबार प्रबंधन द्वारा किए गए वादे से मुकरने के चलते नाराज हैं.
हिन्दुस्तान की गोरखपुर यूनिट की लांचिंग के बाद से ही देवरिया में माहौल गरम है. हिन्दुस्तान और दैनिक जागरण के लोगों के बीच मारपीट के बाद हॉकर कुछ मामलों को लेकर हिन्दुस्तान का उठान नहीं कर रहे थे. किसी तरह हिन्दुस्तान की लांचिंग देवरिया में कराई गई. पर प्रसार को लेकर मामले का पेंच अब भी फंसा हुआ है. हॉकरों का कहना है कि हिन्दुस्तान प्रबंधन ने उनको विश्वास में लेकर अखबार की बुकिंग कराई थी. जिसमें कहा गया था कि पाठकों को अखबार साठ रूपये महीने के हिसाब से दिया जाएगा. बुकिंग के समय पाठकों से 120 रुपये लिए गए. उनसे कहा गया कि इसमें उन्हें दस रुपये का 12 डिकाउंट कूपन दिया जाएगा. इसके बाद अखबार के लिए ग्राहकों को प्रति महीने मात्र पचास रुपये ही देने होंगे.
इसके अलावा ग्राहकों को सातवें महीने में नान स्टिक कड़ाही भी देने की बात कही गई थी. हॉकरों ने बताया कि सर्वेयरों ने ईनामी कूपन देने की बात भी ग्राहकों से कही थी. पर अब वे अपनी बात से पलट गए हैं. हॉकरों से कहा जा रहा है कि वे अखबार के लिए नब्बे रुपये ग्राहकों से लें. इसी से हॉकर नाराज हैं कि जब बुकिंग के समय ग्राहकों को महीने भर के लिए पचास रुपये देने की बात कही गई थी तो अब कैसे वे उनसे नब्बे रुपये ले सकते हैं. हॉकरों का कहना है कि कई ग्राहक तो इस बात पर उनलोगों से नाराज भी हो गए हैं. कुल मिलाकर हॉकरों और पाठकों के साथ हिन्दुस्तान प्रबंधन का यह घालमेल उसी के लिए भारी पड़ रहा है. सेंटरों पर आया अखबार उठान न होने के चलते बंट नहीं पा रहा है. इस संबंध में जब हिन्दुस्तान के प्रसार अधिकारी प्रवीण गुप्ता से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने मोबाइल रिसीव नहीं किया.












amal
December 31, 2010 at 9:59 am
लोगो को जानकारी देने का माध्यम भी अब बिकाऊ बनता जा रहा है ….