रायपुर के पत्रकारों का एक दल आज रायपुर के इंस्पेक्टर जनरल आफ पुलिस (आईजी) से मिला। इन लोगों ने एक पुराने मामले में टीवी पत्रकारों को फंसाने और अब गिरफ्तारी की कोशिश करने का विरोध किया और आईजी से न्याय की मांग की। आईजी ने इस मामले में हाथ खड़े करते हुए कहा कि वे कुछ नहीं कर सकते। भड़ास4मीडिया को मिली जानकारी के अनुसार आईजी ने पत्रकारों के सामने स्वीकार किया कि कुछ पुलिस अधिकारियों ने शुरू में पूर्वाग्रह ग्रस्त होकर टीवी जर्नलिस्टों के खिलाफ काम किया और उसी का नतीजा है कि आज जर्नलिस्टों के सामने गिरफ्तार होने का खतरा आन पड़ा है।
आईजी के यहां से निराश लौटे पत्रकारों ने अब मुख्यमंत्री तक मामले को ले जाने की तैयारी कर ली है। प्रेस क्लब अध्यक्ष अनिल पुसदकर और अन्य पत्रकारों का एक दल कल मुख्यमंत्री से मिलने का प्रयास करेगा। पत्रकार मुख्यमंत्री से इस मामले के सम्मानजनक निपटारे और पत्रकारों की गरिमा पर आंच न आने देने की मांग करेंगे। साथ ही इस केस में पूर्वाग्रह ग्रस्त होकर काम करने वाले पुलिस अधिकारियों की शिनाख्त कर उनके खिलाफ जांच बिठाने की भी आवाज उठाएंगे।











