जीजा-सालावाद और साढूवाद के फेर में फंसा चंडीगढ़ प्रेस क्‍लब

आदरणीय सदस्यगण, चंडीगढ़ प्रेस क्लब मौजूदा समय एक गंभीर संकट के दौर से गुजर रहा है। पिछले करीब एक दशक से अधिक समय से प्रेस क्लब को कुछ निहित स्वार्थी लोग अपने हितों के लिये प्रयोग कर रहे हैं। आज मुझे यह पत्र बडे़ दुःखी हृदय से जारी करने पर मजबूर होना पड़ा है। कुछ दिन पूर्व ही मेरी ई-मेल पर मुझे क्लब के एक पूर्व प्रधान सरबजीत पंधेर द्वारा जारी एक पत्र मिला है, जिस में 11 अप्रैल 2011 को एक प्रतिष्ठित अखबार ट्रिब्यून समूह से कुछ पत्रकारों तथा गैर-पत्रकारों को निलम्बित किये जाने के मामले में प्रेस क्लब में मीटिंग बुलाई गई थी।