पॉवर-पुलिस शुक्रिया सुप्रीम कोर्ट, आदिवासी भाइयों का दर्द समझने के लिए : इरा झा इरा झा की पत्रकारिता में अलग पहचान है। राष्ट्रीय हिंदी पत्रकारिता में पहली ‘न्यूज वूमन‘ होने के अलावा उन्होंने रिपोर्टिंग में भी मुकाम बनाए... bhadas4media.comJuly 6, 2011
कहिन इस खुलेपन के साथ इन तंग गलियों में गुजर कैसे हो? गीताश्री ने अपने ब्लाग नुक्कड़ पर 6 अक्टूबर 2008 को इरा झा का एक लेख प्रकाशित किया है। वरिष्ठ पत्रकार इरा झा कुछ दिनों... bhadas4media.comFebruary 2, 2009