लाइफस्टाइल शराबी के प्रवचन पर अपुन का प्रवचन : मृत्यु है क्या, जीवन का अंत, या प्रारंभ, या कि स्वयं शाश्वत जीवन? : हमारे रोने में एक आह थी, एक प्रार्थना थी,... bhadas4media.comOctober 13, 2011
लाइफस्टाइल दुख को स्थायी भाव बना चुके एक शराबी का प्रवचन : एक शराबी मित्र मिला. वो भी दुख को स्थायी भाव मानता है. जगजीत की मौत के बाद साथ बैठे. नोएडा की एक कपड़ा... bhadas4media.comOctober 12, 2011
दुख-दर्द मैं फिर न सो सका, वो सरेराह खूब सोता मिला आंख खुलने - जगने से ठीक पहले चेतना लौटने के क्रम में अवसाद का भाव मन-मस्तिष्क में था. दिल-दिमाग रो-रो कर कह रहा था,... bhadas4media.comFebruary 15, 2011