फोर्स लीव से वापस लौटे अजीज बर्नी

सहारा मीडिया में अजीज बर्नी की वापसी हो गई है. वे काफी दिनों से फोर्स लीव पर चल रहे थे. सहारा उर्दू के ग्रुप एडिटर अजीज बर्नी अपनी किताब के कारण विवादों में आए. फोर्स लीव के दौरान ही उन्होंने अपनी गलती का एहसास करते हुए माफी मांगी और उनका माफीनामा राष्ट्रीय सहारा अखबार के पहले पन्ने पर दो कालम में प्रकाशित हुआ. बावजूद इसके, कुछ लोग यह कयास लगा रहे थे कि अजीज बर्नी की सहारा में अब वापसी संभव नहीं है लेकिन आज इस वक्त अजीज बर्नी सहारा मीडिया के नोएडा स्थित कैंपस में अपने सहयोगियों के साथ बैठक कर रहे हैं.

अजीज बर्नी ने देशवासियों से माफी मांगी

:‘आरएसएस की साजिश 26/11’ पुस्तक के संदर्भ में : ‘26/11 भारत के इतिहास का सबसे बड़ा हमला’ किस्तवार लेखों में मैंने अपने जिस लेख का हवाला दिया है, वह पुस्तक की रिलीज के बाद लिखा गया था। जिसका शीर्षक था-‘हाफिज सईद हमारा अपराधी है, उसे हमारे हवाले करो’। 17 दिसंबर 2010 के रोजनामा राष्ट्रीय सहारा में प्रकाशित इस लेख से ना तो मैं 26/11 के आंतकवादी हमले को आरएसएस से जोड़ रहा हूं, ना भारत का पक्ष कमजोर कर रहा हूं।