स्टार न्यूज पर कब्जे के लिए स्टार समूह और आनंद बाजार पत्रिका में जंग

मुंबई : वे पहले चुपके से आए. धीमे-धीमे छाए. और फिर पूरी तरह कब्जा गए. विदेशी ऐसा ही करते रहे हैं भारत के साथ. वो चाहे शक-हूण हों या मुगल हों या अंग्रेज रहे हों. कब्जाने का दौर अब भी जारी है, बस, फार्मेट बदल गया है. नई गुलामी की व्यवस्था इस दौर में कारपोरेट कंपनियों के माध्यम से हो रही है. ध्यान से पढ़िए-देखिए. वो दौर शुरू हो चुका है. स्टार न्यूज ताजा उदाहरण है.

अपने सभी ब्रिटिश अखबार बेचें देंगे रुपर्ट मर्डोक!

ब्रिटिश प्रधानमंत्री डेविड कैमरॉन ने मीडिया मुगल रूपर्ट मर्डोक को सलाह देते हुए कहा है कि ब्रॉडकास्ट कंपनी बीस्काईबी को खरीदने से पहले वह अपनी कंपनी में अव्यवस्था को दूर करें। उन्होंने फोन हैकिंग मामले में जांच के आदेश भी दिए हैं। उधर, ब्रिटेन में अपनी कंपनी पर विवाद बढ़ता देख मर्डोक ने न सिर्फ बीस्काईबी को खरीदने के लिए अपनी बोली वापस ले ली है, बल्कि न्यूज कॉर्पोरेशन के बैनर तले प्रकाशित अपने सभी ब्रिटिश अखबार बेचने का भी मन बना लिया है।