फिर सामने आया इलाहाबाद में मीडिया का झूठ!

आज एक बार फिर मीडिया की खबरों पर सवाल उठा है। इलाहाबाद की मीडिया में छाई खबर आखिर गलत साबित हो गई। मीडिया को एक बार फिर शर्मिंदा होना पड़ा। इलाहाबाद के कुम्भ मेले में जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर के तौर पर आने का राधे माँ का सपना टूटता दिख रहा है। जूना अखाड़े ने कल होने वाली पेशवाई के लिये प्रशासन को जिन 161 महामंडलेश्वर की सूची सौंपी गई है, उसमें से राधे माँ का नाम गायब है। गौरतलब है कि जूना अखाड़े ने राधे माँ को गृहस्थ होने के चलते महामंडलेश्वर पद से हटा कर एक पांच सदस्यीय जांच कमेटी से जांच शुरू करवा दी थी।

अखाड़े के प्रवक्ता और अखाड़े के कुंभ मेल प्रभारी विद्यानन्द सरस्वती ने मीडिया के लोगों से बात करते हुए उस खबर पर नाराज़गी जताई है, जिसमे राधे माँ को दोबारा जूना अखाड़े की महामंडलेश्वर बनाने की बात कही गयी थी। विद्यानंद सरस्वती ने कहा कि वो इस मामले में कुछ समाचार पत्रों और न्यूज़ चैनलों को कानूनी नोटिस भेजने पर विचार कर रहे हैं। कुंभ मेले के पहले बड़े आयोजन जूना अखाड़े की होने वाली पेशवाई के पहले ये चर्चा ज़ोरों पर है कि इसमें राधे माँ शामिल होंगी या नहीं। अखाड़े के प्रवक्ता और महामंत्री विद्यानंद सरस्वती ने इन तमाम चर्चाओं पर विराम लगते हुए मीडिया को वो लिस्ट भी दिखाई, जिसमें सभी 161 महामंडलेश्वर के नाम थे। इस सूची से राधे माँ का नाम गायब था।

उन्होंने कहा कि उनके बारे में जांच कमेटी के एक सदस्य वो खुद भी हैं और उनके बारे में अभी कोई निर्णय नहीं हो पाया है। इस बारे में मीडिया में आ रही ख़बरों को भ्रामक बताते हुए विद्यानंद सरस्वती ने कहा कि मीडिया को सनातन धर्म की मर्यादा का ख्याल रख कर ससनीखेज ख़बरों से बाज आना चाहिए। विद्यानंद सरस्वती ने पेशवाई के लिए अखाड़े की तैयारियों पर चर्चा करते हुए कहा कि जूना पीठाधीश्वर अवधेशानंद गिरी महाराज के शहर में होने की खबर दी और फोन पर उनसे भी राधे माँ को लेकर हो रही चर्चाओं पर बात की। बातचीत के दौरान अवधेशानंद गिरी महाराज ने भी इस बारे में जूना का स्पष्ट मत मीडिया के सामने रखने को कहा। जिसके बाद विद्यानंद सरस्वती ने कहा कि उन्होंने इस बारे में दस दिन पहले ही प्रशासन को जो सूची दी थी उसमें राधे माँ का नाम नहीं था।

विद्यानंद सरस्वती ने ये भी कहा कि राधे माँ स्वतंत्र रूप से मेले में आकर रह सकती हैं। गंगा स्नान ध्यान और प्रवचन भी कर सकती हैं हालांकि वो खुद को जूना अखाड़े की महामंडलेश्वर के तौर पर पेश नहीं कर सकतीं। विद्यानंद सरस्वती ने कहा कि मेले क्षेत्र में व्यवस्था पूरी न होने के चलते फिलहाल 161 महामंडलेश्वर में से बहुत से महामंडलेश्वर पेशवाई में शामिल नहीं हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि कल की पेशवाई में पायलट बाबा भी शामिल नहीं होंगे। पायलट बाबा भी जूना अखाड़े के 161 महामंडलेश्वर में से एक हैं।

एक पत्रकार द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *