नई दिल्ली : गैर-कानूनी चैनलों को केबल, आईपीटीवी और मोबाइल टीवी पर दिखाने वाले केबल या मोबाइल ऑपरेटरों को जल्द ही भारी जुर्माने के साथ जेल तक जाने के लिए तैयार रहना होगा। सरकार के तमाम आदेशों के बाद कुछ केबल ऑपरेटरों के साथ ही मोबाइल ऑपरेटरों की ओर से इस दिशा में बरती जा रही लापरवाही को देखते हुए सरकार जुर्माने के साथ ही जेल के प्रावधान पर भी विचार कर रही है। हालांकि पहले एक से दो बार चेतावनी स्वरूप आर्थिक दंड की राशि में भारी इजाफे पर भी विचार किया जा रहा है।
असल में जेल की सजा के प्रावधान पर इसलिए विचार किया जा रहा है क्योंकि पिछले दिनों आईबी ने करीब 25 ऐसे मामलों की जानकारी दी थी, जिसमें केबल पर न केवल प्रतिबंधित चैनलों को दिखाया जा रहा था बल्कि उनकी विषयवस्तु भी आईबी के लिहाज से देश की सुरक्षा के लिए संवेदनशील थे। इन मामलों में कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। एक अधिकारी ने कहा कि इसके लिए केबल टीवी एक्ट में संशोधन करने पर विचार किया जा रहा है। एक बार की गलती पर भारी आर्थिक दंड और उसके बाद की गलती पर उससे भी अधिक आर्थिक दंड और जेल की सजा पर विचार किया जा रहा है।
इस अधिकारी ने कहा कि जब इस मामले पर केबल ऑपरेटरों से बात की गई थी तो उनका कहना था कि सिर्फ उनको ही दायरे में न रखा जाए। मोबाइल ऑपरेटर भी आईपी टीवी और मोबाइल टीवी के माध्यम से ऐसा प्रसारण कर सकते हैं। ऐसे में उन्हें भी दायरे में रखने पर विचार किया जा रहा है। (भास्कर)