: ऑफिस में लटका हुआ है ताला : भोपाल। जन्म के साथ ही विवादों में घिरा मध्य प्रदेश एवं छत्तीसगढ का क्षेत्रीय न्यूज चैनल भारत समाचार एक बार फिर विवादों में है। लगता है कि विवादों और भारत समाचार का चोलीदामन का साथ है। पहले मनोज सैनी, वीरेन्द्र शर्मा, रिजवान खान और उनके सहयोगियों ने भारत समाचार के मालिक आदर्श कुशवाहा को जमकर चूना लगाया। एक भाई ने तो उसी कमाई से सहारा समय की बड़ी हस्ती को 5 लाख रुपये देकर पुनः सहारा में जगह बना ली और आज सहारा के मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में बिना पद और योग्यता के ब्यूरोचीफ बने हुए है।
सहारा समय चैनल समेत कई जगहों पर वरिष्ठ पदों पर काम कर चुके प्रकाश तिवारी ने आदर्श का दामन थामा। आदर्श पत्रकारिता का नया प्रकाश का नया स्लोगन देकर भारत समाचार को पुर्नस्थापित किया। प्रकाश तिवारी तो प्रकाशमान हो गये किन्तु प्रकाश की चकाचौंध में आदर्श कहीं खो गये। बस यहीं से अहम का टकराव प्रारंभ हुआ और बात इतनी बिगड गई की प्रकाश तिवारी आदर्श को आंखों में पडे कंकड़ की तरह चुभने लगे। प्रकाश तिवारी की दुकान बंद करने के लिये आदर्श ने ग्वालियर में नया सेटटप स्थापित कर नियंत्रण अपने हाथ में कर लिया। इससे भड़क कर प्रकाश ने एम.पी.नगर थाने में आदर्श कुशवाहा और उनके सहयोगी अरविन्द गौर के खिलाफ पिछले तीन माह से कर्मचारियों का वेतन और ऑफिस का किराया ना देने की प्राथमिकी दर्ज कराई।
भारत समाचार पहला ऐसा चैनल है जो लम्बे समय से बन्द पड़ा है, इसकी सूचना प्रबंधन ने ना ही सूचना प्रसारण मंत्रालय को दी और ना ही अन्य संबंधित विभागों को। आईबीएन मिनिस्ट्री की गाईड लाइन के अनुसार कोई भी चैनल बिना किसी अनुमति के 48 घंटे से ज्यादा देर तक बंद नहीं रह सकता लेकिन भारत समाचार पिछले 10 दिनों से बन्द पड़ा है और संबंधित अधिकारियों ने इस पर संज्ञान नहीं लिया है। भारत समाचार के कर्मचारी दर-दर भटक रहे है उनकी कोई सुनने वाला नहीं है प्रकाश ने सारा ठीकरा आदर्श पर फोड़ दिया है। अपने संबंधों के चलते प्रकाश तिवारी ने विज्ञापनों के सारे देयकों का भुगतान रूकवा दिया है।
एक पत्रकार द्वारा भेजा गया पत्र.






