Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

हलचल

अमेरिका में ‘कारपोरेट लालच’ के खिलाफ बवाल शुरू, कई सौ लोग गिरफ्तार

: आमदनी में बढ़ते फ़ासले और बेरोजगारी के चलते भड़का गुस्सा : प्रदर्शनकारियों ने वॉल स्ट्रीट पर क़ब्ज़ा की मुहिम शुरू की थी : न्यूयार्क : अमरीका के न्यूयॉर्क में पुलिस ने 700 से भी ज़्यादा गिरफ़्तार लोगों को गिरफ्तार कर लिया. बाद में इनको रिहा कर दिया गया. ये सैकड़ों लोग शनिवार को न्यूयार्क के वित्तीय इलाक़े में ‘वॉल स्ट्रीट पर क़ब्ज़ा करो’ मुहिम के तहत प्रदर्शन कर रहे थे.

: आमदनी में बढ़ते फ़ासले और बेरोजगारी के चलते भड़का गुस्सा : प्रदर्शनकारियों ने वॉल स्ट्रीट पर क़ब्ज़ा की मुहिम शुरू की थी : न्यूयार्क : अमरीका के न्यूयॉर्क में पुलिस ने 700 से भी ज़्यादा गिरफ़्तार लोगों को गिरफ्तार कर लिया. बाद में इनको रिहा कर दिया गया. ये सैकड़ों लोग शनिवार को न्यूयार्क के वित्तीय इलाक़े में ‘वॉल स्ट्रीट पर क़ब्ज़ा करो’ मुहिम के तहत प्रदर्शन कर रहे थे.

पुलिस ने तभी उन लोगों को ब्रुकलीन ब्रिज के पास से गिरफ़्तार किया था. लेकिन अभी भी 200 लोग पुलिस की हिरासत में हैं क्योंकि अभी उनकी पहचान होनी बाक़ी है. पुलिस ने रिहा किए गए लोगों को उत्पात मचाने का प्रमाण पत्र और अदालत का सम्मन भी दिया.  इस मुहिम के संचालकों का कहना है कि वे अपना प्रदर्शन जारी रखेंगे. मुहिम में शामिल लोग पिछले दो हफ़्तों से अमरीकी समाज में लोगों की आमदनियों में बढ़ते फ़ासले, जिसे वो कॉरपोरेट के कथित लालच का नाम देते हैं, और बेरोज़गारी के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहे हैं. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सरकार पूंजीपतियों के हितों का ज़्यादा ध्यान रख रही है. कुछ जगहों पर इसे पूंजीवादी व्यवस्था के विरोधियों का एक गठबंधन भी बताया जा रहा है.

अधिकारियों का कहना है कि शनिवार सुबह लोग प्रदर्शन स्थल के पास से गुज़र रहे एक पुल पर खड़े होकर वाहनों की आवाजाही में बाधा पहुंचाने की कोशिश कर रहे थे. प्रदर्शनकारियों के मुताबिक़ पुलिस ने पहले से ही सड़क पर रूकावटें लगा दीं थीं और जाल के साथ वो उन्हें गिरफ़्तार करने के लिए तैयार बैठे थे. इनमें से कई के ख़िलाफ़ उत्पाती व्यवहार और पुलिस के काम में बाधा डालने का मुक़दमा चल सकता है. हालांकि प्रदर्शनकारियों की तादाद बहुत अधिक नहीं थी लेकिन पुलिस उनके साथ सख़्त रवैया अपना रही थी.

अमरीका से दो साल पहले शुरू हुई मंदी वहां के बड़े बैंको की ग़लत नीतियों का अंजाम थीं. पिछले हफ़्ते एक विडियो फुटेज में एक पुलिसकर्मी को प्रदर्शनकारियों के ख़िलाफ़ पेप्पर स्प्रे (जिससे आंखों में जलन होती है) का इस्तेमाल करते दिखाया गया था जिसके बाद विरोधों में और तेज़ी आ गई है. कई मज़दूर संगठनों ने इस मुहिम को अपना समर्थन देने की घोषणा की है. बीबीसी संवाददाता जेम्स रीड का कहना है कि हालांकि इसे मिस्र के तहरीर चौराहे जैसी क्रांति नहीं क़रार दिया जा सकता है लेकिन अमरीकी पूंजीवाद के केंद्र – वॉल स्ट्रीट पर हो रहा ये प्रदर्शन इस बात का संकेत है कि आर्थिक मंदी किस तरह अमरीका में बदलाव ला रहा है. हाल के दिनों में इस तरह के हुए कई प्रदर्शनों में से एक है. इसी तरह के प्रदर्शन अमरीका के दूसरे शहरों बोस्टन, शिकागो और सन फ्रांसिसको में भी आयोजित किए गए हैं. साभार : बीबीसी

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास तक खबर सूचनाएं जानकारियां मेल करें : [email protected]

भड़ास के वाट्सअप चैनल से जुड़ें और नवीनतम खबरें पाएं : Bhadas Whatsapp

भड़ास लीगल टीम : किसी किस्म की लीगल हेल्प के लिए संपर्क करें- Bhadas Legal Team

You May Also Like

Uncategorized

भड़ास4मीडिया डॉट कॉम तक अगर मीडिया जगत की कोई हलचल, सूचना, जानकारी पहुंचाना चाहते हैं तो आपका स्वागत है. इस पोर्टल के लिए भेजी...

Uncategorized

भड़ास4मीडिया का मकसद किसी भी मीडियाकर्मी या मीडिया संस्थान को नुकसान पहुंचाना कतई नहीं है। हम मीडिया के अंदर की गतिविधियों और हलचल-हालचाल को...

हलचल

[caption id="attachment_15260" align="alignleft"]बी4एम की मोबाइल सेवा की शुरुआत करते पत्रकार जरनैल सिंह.[/caption]मीडिया की खबरों का पर्याय बन चुका भड़ास4मीडिया (बी4एम) अब नए चरण में...

Uncategorized

मीडिया से जुड़ी सूचनाओं, खबरों, विश्लेषण, बहस के लिए मीडिया जगत में सबसे विश्वसनीय और चर्चित नाम है भड़ास4मीडिया. कम अवधि में इस पोर्टल...