: जेडीए में किसलिए बहाई गई उल्टी गंगा : जयपुर विकास प्राधिकरण में इन दिनों लिफाफों का प्रचलन ज्यादा ही देखने को मिल रहा है, जिसमें पत्रकारों को मनी लिफाफे बांटे जा रहे हैं। जिससे साफ जाहिर हो रहा है कि कुछ ना कुछ दाल में काला है। सूत्रों के अनुसार जयपुर विकास प्राधिकरण में नववर्ष की शुभकामनाओं के अवसर पर कुछ पत्रकारों को लिफाफे बॉटे गए। जिनमें दो हजार से लेकर पांच हजार रूपये थे। जेडीए में अक्सर ऐसा वाकया देखा जाता है कि आम आदमी रिश्वत देकर अपना काम करवाता है, लेकिन इधर उल्टा ही नजर आ रहा है।
जनसंपर्क कार्यालय की तरफ से पैसे बांट कर ऐसा प्रतीत हो रहा है कि कुछ बात को छुपाने के लिए पत्रकारों को लालच दिया जा रहा है। जयपुर का विकास करने में चार चॉद लगाने वाले जेडीए में इतना भ्रष्टाचार फैला हुआ है कि अक्सर अधिकारी रिश्वत लेते हुए एसीडी के हत्थे चढ़ जाते हैं। इसके कुछ दिनों तक वहां वातावरण शांतिपूर्ण चलता है लेकिन वापस फिर अपने ढर्रे पर आ जाता है। आम आदमी की मेहनत की कमाई जेडीए के अफसरों की जेब में चली जाती है।
मेहनत मजदूरी करके लोग अपने परिवार का पालन पोषण करते हैं, लेकिन अपने घर का सपना साकार करने के लिए जेडीए के चपरासी से लेकर अफसर तक जी हुजूरी करनी पड़ती है, लेकिन जी हुजूरी के बाद भी उनको पटटे बनाने या हस्तान्तरण कराने के लिए मोटी रकम देनी पड़ती है। सूत्रों के अनुसार जेडीए के जनसम्पर्क कार्यालय में लिफाफे बांटने से यह प्रतीत होता है कि इसमें भी कुछ ना कुछ गड़बड़ दिखाई दे रही है। इसकी अगर जांच कराई जाए तो कुछ ना कुछ तो मामला सामने आ सकता है। इसमें चाहे विज्ञापन का मामला हो या अन्य कोई मामला हो कई मामले सामने आने की संभावना बढ़ गई है।













Lata mishra
January 14, 2011 at 5:32 am
Bathinda mein bhi sbhi patrkar kewal in upharo k liye is line ko apna rahe hai.is k piche menagement jimevar hai.
pawan Tailor
January 13, 2011 at 12:35 pm
sare mamle ki tah tak jakar Padtal karne wale Dainik Prakash Kunj ne kulasa kiya iskeliye Dainik Prakash Kunj news Paper ko Badhai…………….
sumer singh
January 13, 2011 at 12:38 pm
prakash kunj rajasthan ka badhta hua akhbar hai. economic position bhi kharab hai. magar vishvhyniya samachar ke liye pahchan hai. in bharast aur media ko badnam karne walo ke khilaf karwahi honi chi.