एक चैनल है. उसमें एक आउटपुट है. उसके एक इंचार्ज हैं. लड़कीबाजी के लिए मशहूर हैं. उन्हें वे छोरियां अच्छी लगती हैं जो उनकी लल्लोचप्पो करे, साथ घूमे, दिन हो या रात- खूब बातें करे… और जो ऐसी नहीं करती उसको ये महोदय बेचारी बनाकर छोड़ते हैं, कई को तो निकलवा दिया है. इस लड़कीबाजी का इनपुट पत्नी को मिला तो उसने काफी समझाया-डांटा. पर महोदय हैं कि मानते नहीं. इस कारण पत्नी ने आउटपुट देने का ठान लिया और उन्हें छोड़कर चली गई.
चैनल का आउटपुट देख रहे महोदय की घरेलू जिंदगी का आउटपुट काफी बुरा हो चुका है. कहते हैं ना, जो जैसा करता है, उसको देर-सबेर वैसा ही फल मिल जाता है. आउटपुट हेड ने बहुत सारे लोगों को निकलवाया. कई अच्छे रिपोर्टर और डेस्क के लोगों को उसके विरोध के कारण डायरेक्टर ने बाहर का रास्ता दिखा दिया. आउटपुट हेड को लड़कियों का रसिया माना जाता है. कई लड़कियों से रात रात भर बात करता रहता था. एक एंकर ने उसको भाव नहीं दिया तो उसको निकलवा दिया.
लेकिन उसकी करनी अब उस पर ही भारी पड़ रही है. उसको प्राकृतिक दंड मिल चुका है. खबर है उसकी पत्नी घर छोड़कर चली गई है. बताया जा रहा है कि आउटपुट हेड की आशिक मिजाजी की जानकारी उनकी पत्नी को मिल चुकी थी. कई बार घर में झगड़ा हुआ. लेकिन आउटपुट हेड समझने को तैयार नहीं हुआ. करीब पंद्रह दिन पहले उसकी पत्नी किसी और के साथ चली गई. अब पूरे चैनल में इसी बात की चर्चा है कि जो आदमी अपना घर नहीं संभाल सका, वह चैनल भला क्या संभालेगा.












एक पीड़ित एंकर
May 26, 2011 at 10:49 am
वाकई प्राकृतिक न्याय हुआ है.. सी- ग्रेड के नेशनल चेनल का ये आउटपुट हैड जब पहले सबको सहारा देने वाले संस्थान में था, तब भी लड़कियों के आगे पीछे करता रहता था। कैरियर में बेहद जूनियर इस रसिया से लड़कियां परेशान रहती हैं. अपने चैनल में भी इसके चक्कर में पड़कर एक एंकर का करियर खत्म हो गया है. आजकल वो घर बैठी है. इसी तरीके से इस नाकाबिल ने कम समय में आउटपुट जैसा पद हथिया लिया। जिसको दो- लाइन लिखना आता नहीं, वह इसी तरीके ही पद पाएगा। पत्नी ने सही सबक दिया है.. पर ये इतना बेशरम है की शायद ही इससे सबक ले। लेकिन इस जानकारी से लड़कियों को परेशान करने वाले और अपनी बीवी से धोखा करने वाले बासों को सबक जरुर मिलेगा।
Narendra Tripathi
May 26, 2011 at 11:21 am
जो जैसा करता है उसको उसकी भरपाई करनी पड़ती है…नेचर ऑफ जस्टिस…इसी को कहते हैं पर अफसोस इस बात का है कि मैनेजमेंट अच्छा होने के बावजूद ऐसे आउटपुट हेड के बहकावे में आकर अपने अच्छे हैंड्स को निकाल दिया…चलिए जो होता है बेहतर होता है…
dhanish sharma
May 29, 2011 at 1:17 am
bolo bolo kon hai vo.
satish shahdeo, lohardaga
May 29, 2011 at 3:53 am
aise rasiklaal to media bhare pade hain.
sachin
May 29, 2011 at 7:21 am
अरे इस रावण की कहानी मैं अच्छी तरह जानता हूं इसने तो एंकर्स को अपने घर का माल समझा है जो इसे खुश रखती हैं उन्हे तो खूब मौज कराता है और जिसने इससे compromise नही किया उनका क्या हाल किया ये किसी से छुपा नही है,इसका तो हाल ही मे ताजा उदाहरण देखने को मिला है ,जब इसके चलते इसने उस एंकर का करियर खराब कर दिया जो इसे खुश नही करती थी,इसे भाव नही देती थी,क्योंकी साफ character की लड़िकियां तो इसे पसंद ही नही है ये तो आज का रावण है, उपर वाला सबको सबक सिखाता है मगर ये तो बेशर्म है,फिर भी मुंह उठाकर आ जाता है आफिस,पता नही कैसा management है जो इसे बर्दाश्त कर रहा है
media person
May 29, 2011 at 7:56 am
देर से ही सही न्याय तो हुआ,इस कन्हैया के साथ ऐसा ही होना चाहिये ,आखिर उपर वाला भी देख रहा है,ये चैनल में बस आशिकी करने आता है ,आता जाता इसे कुछ नही और रंग बिरंगे कपड़े और चश्में लगा कर लड़कियों से इश्क फरमाता है और जिस एंकर ने इसे शुरु से भाव नही दिया उसे इसने साईड लाईन लगा दिया,इसे क्योंकी दूसरे तरह का टैलेंट चाहिये एंकर्स में ,ये न्याय हुआ है god is great
me
May 29, 2011 at 10:08 am
;D;D;D;D;D;D;D;D;D;D;D;D;D;D
journalist
May 29, 2011 at 11:13 am
मुझे तो इन महाशय पर तरस आ रहा है – इश्क मिजाज महाशय जब पाप का घड़ा भरता है तो एसे ही होता है- ये महाशय कई लड़कियों के साथ रासलीला करते है और जो घास नहीं डालतीं थीं उनहे चैनल छोड़ना पडा – मै तो उन एंकर्स के साथ हूं जो इसके आगे झुकीं नहीं ,कोई compromise नही किया चाहे इसके बदले उन्हे चैनल छोड़ना पड़ा- सब इसकी नीयत जानते है – किस तरह से ये उनपर दबाव बनाता था- लेकिन उपर वाले ने अब इस पर दबाव बना दिया
me
May 29, 2011 at 11:57 am
100 kamine mare honge tab iska janm hua hoga ,jo ladkiya isse lallucupu karti he unke to kadmo me dil bitcha k rakhta he or jo apne kaam se matlab rakhti he or iske aage samarpan nhi krti unhe tourcher karke bahar kar deta he,jo ladkiya isko khush rakhti he unka increament b achcha karayega ,promote b karega or jo iske aage peeche mandrayegi nhi uski to samjho shamat aayi ,ye to khubshurat chehro ka diwana he,vese ye koi buri baat nhi khubsurti sabhi ko pasand hoti he magar khubsurat cheez agar ise na mile to ye use kuchal dalta he ,matlab apni power ka bharpur istemaal karke bahar ka raasta dikha deta he ,kyunki ye raksash he ,or iske sath jo hua sahi hua, muahhhhh
ashit kapoor
June 4, 2011 at 8:38 am
एक ऐसा ही रसिक बिहारी ठत्तीसगढ़ के एक रीजनल चैनल में भी है..ये छोटे कद वाला आउट पुट पर आई कई एंकरों को अपनी चपेट में ले चुका है एक मेडम तो इसके साथ वायस ओवर रुम में रंगे हाथों पकड़ी जा चुकी हैं