एनडीटीवी के लिए चेन्नई (मद्रास) से रिपोर्टिंग करने वाली और चैनल की चर्चित फेस रहीं जेनिफर अरुल ने घरेलू हिंसा का केस जीत लिया है. उनके पति को कोर्ट ने निर्देश दिया है कि वे महिला पत्रकार को पांच करोड़ रुपये हर्जाना दें. इस घटना को चेन्नई के अखबारों ने प्रमुखता से प्रकाशित किया है. टाइम्स आफ इंडिया और डेक्कन क्रानिकल ने अपने सिटी पेजेज पर प्रमुखता से स्थान दिया पर द हिंदू इस मसले पर चुप्पी साधे है.
कयास यह लगाया जा रहा है कि चेन्नई में द हिंदी के साथ एनडीटीवी पार्टनर है और दोनों ने मिलकर एनडीटीवी-हिंदू चैनल की शुरुआत की जिसमें जेनिफर अरुल संपादकीय सलाहकार भी रही हैं, संभवतः इसी कारण अपने स्टाफ से जुड़ी खबर को द हिंदू ने नहीं छापा. टाइम्स आफ इंडिया में प्रकाशित खबर इस तरह है… ((पढ़ने में दिक्कत हो तो खबर के उपर क्लिक कर दें..))












