जर्मन राष्ट्रपति किस्टियान वुल्फ ने ईरान में कैद जर्मनी के दोनों पत्रकारों को चिट्ठी लिखी है. बिल्ड के इन दोनों पत्रकारों को लिखी गई चिट्ठी में राष्ट्रपति ने पूरे देश का समर्थन उनके साथ होने की बात कही है. इस संदर्भ में बिल्ड ने खबर दी है. ये दोनों पत्रकार बिल्ड के लए काम करते थे.
इन्हें पिछले साल अक्टूबर में ईरान में उस समय गिरफ्तार कर लिया गया जब इन्होंने साकिनेह मोहम्मदी अश्तियानी के बेटे का इंटरव्यू लेने की कोशिश कर रहे थे. ईरान में साकिनेह को अवैध रिश्तों के आरोप में पत्थरों से मार कर मौत की सजा सुनाई गई है. दोनों पत्रकारों पर वीजा नियमों का उल्लंघन करने का आरोप है. इसके बाद से ही ईरान सरकार ने इनको जेल में रखा है.












madan kumar tiwary
January 17, 2011 at 5:55 pm
मानवाधिकार का हनन करनेवाले चाहें हिंदुस्तान में हों या ईरान में इन सबकों पत्रकार हीं सबसे बडा दुश्मन ्नजर आता है ।