: वाराणसी के अपर श्रमायुक्त ने दिया आदेश : एक महीने में भुगतान न होने पर कटेगी आरसी : अपर श्रमायुक्त, वाराणसी डीके कंचन ने एक आदेश पारित कर सांध्य दैनिक गांडीव के 18 कर्मचारियों को 3,81,300 रुपये अंतरिम का भुगतान करने का आदेश दिया है। उन्होंने कहा कि अगर एक महीने के अंदर यह भुगतान नहीं हुआ तो गांडीव के खिलाफ आरसी जारी कर दी जाएगी। यह धनराशि 8.1.2008 से 30.9.2009 की अवधि की है।
जो कर्मचारी लाभान्वित होंगे उनके नाम तथा प्राप्त होने वाली धनराशि निम्न है- विकास पाठक (32,370), जयनारायण (29,970), अत्रि भारद्वाज (29,970), कमल नयन मधुकर (22,470), चंदन रुपानी (22,470), सत्य प्रकाश शर्मा (19,140), अशोक पांडेय (19,140), शिवमूर्ति दुबे (18,660), राकेश शर्मा (18,660), संजय विश्वकर्मा (18,660), ओम प्रकाश गुप्त (18,810), रघुनंदन मिश्र (19,290), शंकर लाल (19,140), आशाराम तिवारी (18,660), तुषार चटर्जी (19,140), आशुतोष नारायण (18,660), पारसनाथ यादव (18,660), राजेंद्र यादव (17,430)। कुल 29 कर्मचारियों में से 18 कर्मचारियों ने अंतरिम धनराशि दिलाए जाने हेतु प्रार्थनापत्र दिया था। अपर श्रमायुक्त ने कहा कि इस दशा में इन 18 कर्मचारियों को छोड़ शेष 11 कर्मचारियों का प्रकरण ग्राह्य नहीं है।
श्री कंचन ने अपने आदेश में साफ कहा है कि सेवायोजक, प्रबंधक, मेसर्स दैनिक समाचार पत्र गांडीव वाराणसी को आदेशित किया जाता है कि वे उपरोक्त 18 कर्मचारियों के नाम के सम्मुख निर्दिष्ट विवरण के अनुसार आदेश प्राप्ति के एक माह (30 दिन) के अंदर भुगतान कर अभिलेखों सहित इस कार्यालय को सूचित करें अन्यथा निर्धारित अवधि के उपरांत वसूली प्रमाणपत्र जारी कर दिया जाएगा। आदेश में इस बात का जिक्र किया गया है कि 7.4.2010 को समाचार पत्र यूनियन और काशी पत्रकार संघ की ओर से 29 कर्मचारियों की सूची दाखिल की गयी थी जिसमें से 21 कर्मचारियों ने अलग-अलग इस आशय का प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया कि वे काशी पत्रकार संघ और समाचार पत्र कर्मचारी यूनियन के सदस्य नहीं हैं और न ही उन्हें किसी तरह का अधिकार पत्र दिया गया है।
इस प्रकार कुल 21 कर्मचारियों ने अपने अपने ढंग से यूनियन के प्रार्थनापत्र का विरोध किया है। इन 21 कर्मचारियों में से पुनः 15 कर्मचारियों सहित कुल 18 कर्मचारियों ने 3.8.2010, 12.8.2010, 14.8.2010 को प्रार्थनापत्र प्रस्तुत करते हुए कहा कि सेवायोजक ने उनसे सादे पेपर पर हस्ताक्षर करवा लिया था एवं मसौदा बाद में तैयार कर इस कार्यालय को प्रस्तुत किया है। साथ ही 1.1.2008 से 30 प्रतिशत की दर से अंतरिम राहत दिलाए जाने का आदेश पारित किया जाए। इसीलिए जिन 18 कर्मचारियों ने प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया है उनके अंतरिम राहत की धनराशि तय की जाती है। साभार : पूर्वांचलदीप











