पिछले दिनों दो पत्रकारों का निधन हो गया. नेमिचंद्र जैन भावुक और नरेंद्र देव त्रिवेदी अब हमारे बीच नहीं है. विख्यात गांधीवादी विचारक एवं वरिष्ठ पत्रकार नेमिचन्द्र जैन ‘भावुक’ ने देश की आजादी के समय से पत्रकारिता की शुरुआत की. वे दैनिक नवभारत टाइम्स, हिन्दुस्तान समाचार संवाद समिति सहित अनेक पत्र-पत्रिकाओं से जुड़े रहे. उन्होंने नए लोगों को पत्रकारिता के क्षेत्र में हमेशा आगे बढ़ाया.
उधर, दक्षिण राजस्थान के वागड़ क्षेत्र में बांसवाड़ा के वरिष्ठ पत्रकार नरेंद्र देव त्रिवेदी का 64 वर्ष की उम्र में निधन हो गया. वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे. वे अपने पीछे धर्मपत्नी, एक बहन और तीन पुत्रिया छोड गये है. उनका अंतिम संस्कार भी उनकी तीनों पुत्रियों ने ही किया. त्रिवेदी कर्मठ एवं जुझारू पत्रकार थे. उनके जेहन में हमेशा पत्रकारिता का जुनून रहता था. करीब तीन दशक से भी अधिक समय तक उन्होंने बांसवाडा से प्रकाशित धनुर्धर समाचार पत्र के माध्यम से जनता की आवाज को पुरजोर ढंग से उठाया. राजस्थान पत्रकार परिषद समेत कई पत्रकार संगठनों और पत्रकारों ने नेमिचंद्र जैन भावुक और नरेंद्र देव त्रिवेदी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी.











