छिपे हुए को, अनुद्धाटित को उद्घाटित करना पत्रकारिता का महत्वपूर्ण कार्य है. मीडिया में चाहे कोई भी न्यूज बीट (कार्य क्षेत्र) हो, उसके लिए उस विषय की समझ और तैयारी तथा विजन जरूरी है. अर्थ-व्यापार या कृषि, उद्योग-धंधे की खबरें एक बड़ी तैयारी और गंभीर समझ की मांग करती है. यह बात स्वामी विवेकानंद सुभारती विश्वविद्यालय के कॉलेज ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन के तत्वावधान में वरिष्ठ आर्थिक पत्रकार ‘इंडिया न्यूज चैनल’ के बिजनेस न्यूज एडिटर सुरेश मनचंदा ने एक विशेष व्याख्यान में पत्रकारिता के छात्रों को अर्थ-व्यापार पत्रकारिता के बारे में जानकारी देते हुए कही.
उन्होंने अपने सुचिंतित व्याख्यान में ये भी बताया कि बिजनेस रिपोर्टिंग कैसे की जाती है और इसका आधार क्या है. उन्होंने शेयर, मंदी, विकास दर आदि के बारे में बताया और कहा कि बिजनेस जर्नलिज्म को कवर करने के अर्थशास्त्र एवं व्यापार की पृष्ठभूमि की जानकारी अति आवश्यक है. उन्होंने कहा कि आप अच्छे आर्थिक रिपोर्टर या बिजनेस रिपोर्टर तभी बन सकते हैं,
जब आपको इस विषय की गहरी समझ हो. बिजनेस बहुत बड़ा क्षेत्र है और इसका हर क्षेत्र में बहुत बड़ा योगदान है.
व्याख्यान के बाद श्री मनचंदा ने छात्र-छात्राओं के सवालों एवं जिज्ञासाओं के भी जवाब दिए. मास काम की ही एक छात्रा ने पूछा कि कारपोरेट जगत पत्रकारिता को बराबर प्रभावित करता है, इसमें आर्थिक रिपोर्टर की क्या भूमिका होनी चाहिए? इस प्रश्न के जवाब में श्री मनचंदा ने कहा कि आपने बिल्कुल सही प्रश्न किया. पत्रकारिता की भूमिका सच को उजागर करने की होती है और एक आर्थिक पत्रकार के लिए भी यही सच है कि वह अर्थ-व्यापार जगत की सही पड़ताल करे और जनता के सामने सही तथ्यपरक समाचार प्रस्तुत करे.
कार्यक्रम की शुरुआत में मास काम के प्राचार्य आरपी सिंह ने मुख्य वक्ता सुरेश मनचंदा का परिचय दिया एवं विषय की प्रस्तावना रखी. इस व्याख्यान के दौरान वरिष्ठ प्राध्यापक पीके पांडेय, प्रो. ए कुमार, डा. ममता कुमारी, स्मीति पाढी, वरिष्ठ पत्रकार सूर्यकांत त्रिपाठी, सीनियर प्रोड्यूसर अमित शर्मा आदि उपस्थित रहे.












arjun kaushik
January 31, 2011 at 1:14 pm
VERY NICE SIR I HAVE READ UR NEWS IS TARH SE GUEST KA ANA STUDENTS ME NAYE URJA KA SANCHAR KARTA HAI