हर पल संवेदनाओं की उखड़ती सांस, चमक- दमक के पीछे रोज छूटता-टूटता इंसानियत और परम्पराओं एवं रुढि़यों की धूप से तपते रेगिस्तान में जब प्रेम का सोता फूटता है तो समाज पर एक गहरी छाप छोड़ता है. ऐसी एक ही गहरी छाप छोड़ी है पत्रकार महेन्द्र भौमियॉ ने. युवा महेन्द्र ने विधवा ज्योति से शादी करके ना सिर्फ उनके जीवन की बगिया में हरियाली ला दी है बल्कि उनके बच्चों और परिवार को अपनाकर एक मिशाल भी पेश की है.
महानगर टाइम्स, जयपुर के संवाददाता महेन्द्र भौमियॉ ने दो बच्चों की मां एवं विधवा ज्योति के संग सादगी के साथ शादी की. ज्योति के जीवन में जयपुर बम कांड अमावस की रात बन कर आई. इस विस्फोट में ज्योति के पति की मौत हो गई. छोटी उम्र में ही वह विधवा बन गईं. उनके कंधों पर दोनों बच्चों की जिम्मेदारी बोझ पड़ गया. ज्योति की राह मुश्किल हो गई थी. भविष्य अंधकारमय लगने लगा था. लेकिन शायद भगवान को ज्योति का दुख देखना मंजूर नहीं था.
महेन्द्र ज्योति के जीवन में एक ताजा हवा के झोंके की तरह आ गए. महेन्द्र ने समाज की सारी रूढि़यों को तोड़ते हुए, समाज के ठेकेदारों के विरोध को दरकिनार करते हुए ज्योति से विवाह का प्रस्ताव रखा. कुछ शुरुआती मुश्किलों के बाद दोनों लोगों का परिवार इस शादी के लिए राजी हो गया. सादगी के साथ महेन्द्र ने ज्योति को अपना जीवनसंगिनी बना लिया. महेन्द्र ने ना सिर्फ ज्योति को बल्कि उनके दोनों बच्चों को भी अपना लिया है. महेन्द्र के इस हिम्मत और संवेदनशीलता को उनके जानने वाले सलाम कर रहे हैं.












SALEEM MALIK
November 24, 2010 at 12:24 pm
महेन्द्र की इस हिम्मत को सलाम !!!!!!!!!!!!!!!
Deepak Agrawal
November 24, 2010 at 12:35 pm
महेन्द्र के इस हिम्मत और संवेदनशीलता को सलाम.
dhanish sharma
November 24, 2010 at 1:24 pm
ya hai asli reporter.congratulation..for ur new life.
Ankit Khandelwal
November 24, 2010 at 2:45 pm
Yeah ek sarahniya prayas hain.. aise vyaktiyon ko saamanit kiya jaana chahyein.
Regards,
Ankit Khandelwal
Copenhagen,Denmark
arun jaiswal
November 25, 2010 at 3:22 am
patrakarita… jinke khoon me hai… wahi insaniyat ki aisi anokhi mishal de sakte hai… mahendra jee ke es mahan fhaisle ko mera bhi Sallam !!
deepak srivastav, gorakhpur
November 25, 2010 at 5:23 am
महेन्द्रजी को विवाह की ढेरो शुभकामनायें…………
vijay
November 25, 2010 at 5:42 am
mahendre keep it up and great courage…anytime you need any help u find me with u..
sunil dauraya,Dhar(M.P.)
November 25, 2010 at 11:35 am
ese kahate hai Himmat………..
Vinay Nayak
November 26, 2010 at 4:38 pm
Mahendra jaise logo ki wajah se hi ye duniya kaayam hai
rajesh awasthi
November 26, 2010 at 4:59 pm
mahendra ke jajbe ko salam. mahendra ke jeevan ko rashan kare jyoti, iswer se yahi kamna hai.
kumar kalpit
November 27, 2010 at 7:28 am
mahendra jee es shahash k liye aapko badhee
Maruti Chatterjee
December 3, 2010 at 8:59 am
महेन्द्र के इस हिम्मत और संवेदनशीलता को सलाम