टीवी24 से खबर है कि यहां उत्तराखंड में चैनल के मालिक वरिस अहमद ने चैनल के पूर्व ब्यूरोचीफ रतन नेगी के खिलाफ नेहरू कालोनी थाने में तहरीर दी है. खबर है कि मालिक ने ब्यूरोचीफ पर धमकी देने समेत कई आरोप लगाए हैं. हालांकि अभी तक पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया है, मामले की जांच की जा रही है. बताया जा रहा है कि रतन नेगी अपनी सेलरी मांगने पहुंचे थे इसी से नाराज होकर मालिक ने उनके खिलाफ थाने में तहरीर दी है.
चंडीगढ़ से संचालित टीवी24 पर उत्तराखंड के लिए दो घंटे का स्लॉट वरिस अहमद ने ली है. वे इन दो घंटों के लिए पूरी तरह चैनल के मालिक हैं. फरवरी में उन्होंने रतन नेगी को ब्यूरोचीफ बना दिया तथा चैनल के संचालन की जिम्मेदारी सौंप दी. इन लोगों में चैनल चलाने को लेकर कुछ समझौते भी हुए थे, परन्तु समझौते के तहत काम नहीं हो सका. रतन को एक महीने बाद से ही सेलरी मिलनी बंद हो गई. वे किसी तरह चैनल को अपने पैसे खर्च चलाते रहे. इस बीच पैसे को लेकर इन लोगों के बीच कुछ दिक्कतें भी आने लगीं. सूत्रों का कहना है कि मालिक के कुछ जमीन संबंधी काम रतन नेगी नहीं करा पाए जिसके चलते वे इनसे खफा हो गए.
इस बीच रतन पर चुनाव देखते हुए चैनल के लिए धन उपलब्ध कराने का दबाव दिया जाने लगा, जिस पर रतन ने मालिक के सामने कुछ शर्तें रखी, पर इस पर दोनों के बीच सहमति नहीं बन पाई. इसी बीच वरिस अहमद ने रतन नेगी को बिना सूचित किए अजय सैनी को नया ब्यूरोचीफ बना दिया. यह बात रतन नेगी को नागवार गुजरी. वे आफिस पहुंचे तथा उन्हें बिना सूचना हटाए जाने पर नाराजगी जाहिर की तथा अपनी सेलरी तथा चैनल चलाने में खर्च किए गए पैसों की मांग की. इसको लेकर दोनों लोगों के बीच कुछ गरमागरम बहस भी हो गई.
खबर है कि इसी के बाद वरिस अहमद ने देहरादून के नेहरू कालोनी थाने में रतन नेगी के खिलाफ तहरीर दी तथा कई आरोप लगाए. पुलिस ने पत्रकारों का मामला देखते हुए अभी मुकदमा दर्ज नहीं किया है. मामले की जांच की जा रही है. इस संदर्भ में रतन नेगी से बात की गई तो उन्होंने कहा कि उनसे किए गए वादे को पूरा नहीं किया गया, जब मैंने अपनी सेलरी मांगी तो मेरे खिलाफ मामला दर्ज कराने के लिए तहरीर दे दी गई. उन्होंने कहा कि मामले की जांच के बाद ही दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा. इस संदर्भ में वरिस अहमद से बात करने की कोशिश की गई परन्तु फोन न लगने की वजह से उनका पक्ष नहीं लिया जा सका.












smily barthwal
September 19, 2011 at 10:10 am
Ratan negi jaise cameraman jab beauro chief ban jayenge aur waris ahmad jaise kabadi jo ki jindagi bhar kabad ka kaam karte aaye hain wo log jab channel ka slot kharid lenge tto fir electronic media ka bhagwan hi maalik hai…rahi baat ye ki waris ahmad kabadi ko ajay saini ne 45 lakh rapaye ugaahi karne ka bharosa diya hai..sharm aati hai inn sab cheejo per….kya kabadi kabad bechtey bechtey channel maalik ban sakta hai?..agar haan tto fir electronic media ka bhagwan hi maalik hai
ek patrkaar
September 19, 2011 at 2:48 pm
जब एक कैमेरामन को ब्यूरो चीफ बनाया था तो उस वक़्त वारिस को नहीं दिखा था उसे दीखता भी कहा से वारिस तो खुद एक कबाड़ी है और कबाड़ इक्कठा करना उसका धंदा है वो चाहे जइसा भी हो वेसे मेने सुना है वारिस का काम चोरी का माल खरीदना काम है इसी लिए उसने इस चैनल के धंदे में हाथ डाला था और रतन ने इसे सबज बाग़ दिखाए थे