: गुस्साए ग्रामीणों ने जाम लगाया : पुलिस चाहे जहां की भी हो उसका चाल, चरित्र और चेहरा सब जगह एक सा ही रहता है. इस बार हरियाणा पुलिस का खौफनाक चेहरा सामने आया है. रिफाइनरी पुलिस चौकी के पुलिसकर्मियों ने चोरी के आरोप में तीन दलित महिलाओं समेत कई लोगों को पकड़ा और बर्बरतापूर्वक सभी को पीटा गया. महिलाओं के साथ तो बेहद क्रूरता बरता गया. चोरी के असली आरोपी पकड़े जाने के बाद निर्दोष महिलाओं को छोड़ा गया. नाराज लोगों ने रिफाइनरी गेट के सामने जाम भी लगाया.
मामला रिफाइनरी टाउनशिप का है. कालोनी में रहने वाले बीएस सल्लान के घर शुक्रवार की रात चोरी हुई थी. चोर ग्यारह हजार रुपए नकद समेत करीब दो लाख रुपए के गहने चोरी कर ले गए थे. पुलिस ने कालोनी में अपने परिवार के साथ रहने वाली मंजूरा की वाल्मीकि समाज की महिलाओं चरवंती, रीना और नीलम को पूछताछ के लिए बहोली पुलिस चौकी बुलाया. आरोप है कि चौकी पर पहुंचने के बाद इन महिलाओं को जमकर पीटा गया. हालांकि चौकी में महिला पुलिसकर्मी मौजूद थीं, बावजूद इसके महिलाओं को पुरुष पुलिसकर्मियों ने जमकर पीटा, बाल नोंचा, उन्हें जमीन पर गिराकर उन रोलर तक चलाया. महिलाओं के पैरों पर जमकर लाठियां भांजी गईं. उन्हें चौकी में ही अवैध हिरासत में रखा गया. पुलिस को इन महिलाओं पर चोरी का संदेह था.

दिन भर महिलाओं को हिरासत में रखा गया. इन महिलाओं के पतियों को भी पुलिस ने नहीं बख्शा. इन्हें भी जमकर मारापीटा गया. इन महिलाओं को रात दस बजे उस समय रिहा किया गया, जब चोरी के असली आरोपी मिल गए. चोरी के असली आरोपी खोरा खेड़ी निवासी मोहित व श्रीभगवान की गिरफ्तारी के बाद महिलाओं को यह धमकी देते हुए छोड़ा गया कि इस बारे में वे किसी से कुछ नहीं बताएंगी. दो महिलाओं को तो इतना पीटा गया कि वे उठने की स्थिति में नहीं थीं. जब इन महिलाओं ने ग्रामीणों को आपबीती सुनाई तो ग्रामीणों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया. इन लोगों ने रिफाइनरी के गेट नम्बर एक पर बैठकर रास्ता जाम कर दिया.
जाम के चलते रिफाइनरी में ड्यूटी पर जाने वाले कर्मचारी काम पर नहीं जा सके. इन लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की. सूचना मिलने के बाद डीएसपी प्रदीप कुमार मौके पर पहुंचे. ग्रामीणों ने उन्हें महिलाओं से किए गए अमानवीय व्यवहार की जानकारी दी. ग्रामीणों ने मांग की कि चौकी इंचार्ज समेत पूरे स्टाफ को तत्काल सस्पेंड किया जाए तथा उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जाए. डीएसपी ने आश्वासन दिया कि महिलाओं की मेडिकल जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी. इसके बाद ग्रामीण जाम हटाने को तैयार हुए. बाद में महिलाओं को मेडिकल के लिए अस्पताल भेज दिया गया.












govind goyal
March 2, 2011 at 5:11 am
jai hind.
राजीव शर्मा
March 6, 2011 at 3:42 am
जिन्दाबाद , भारत की पुलिस…