: कांग्रेसी नेता की बेटी ने भेजा आमों की टोकरी : सहारा वाले भी खूब पहुंचे फकीर हैं। पिछले दिनों विनीत मित्तल कांड से लेकर सेबी के फैसले तक में मीडिया की खबरों से तिलमिलाए सहारा समूह ने अब पत्रकारों के घरों तक पैठ बनाने की कवायद शुरू कर दी है। अपनी रही-सही शर्मोहया को सहारा की अलगनी और खूंटी पर टांग चुके सहारा समूह अब तोहफों की बौछार पत्रकारों के किचन तक करने पर आमादा है। इसके लिए कांग्रेस के एक दिग्गज नेता के घर से शुरूआत की गयी है।
तोहफों को बांटने का काम इसी नेता की बेटी के नाम पर किया गया है। कारण यह कि मौका पड़ने पर यह नेता ही ज्यादातर पत्रकारों को सम्भाल लेगा। हैरत की बात तो यह रही कि इस दिग्गज नेता के घर पर लगे फोन से उसके स्टाफ ने पत्रकारों से उनके घरों का पता पूछा और चंद घण्टों के बाद ही ताजा और बंद डिब्बों में दशहरी आमों का टोकरा यूपी के ज्यादातर पत्रकारों के घरों तक भिजवा दिया गया। इस टोकरे के साथ जिसका विजिटिंग कार्ड भेजा गया, उसका नाम है आराधना मिश्रा। सहारा समूह के मीडिया प्रबंधन में एक बड़े ओहदे को सम्भाल रही आराधना! वे कांग्रेस के इसी दिग्गज नेता की बेटी हैं।
विनीत मित्तल और उनकी पत्नी के कथित अपहरण, उन्हें बंधक बनाने और उनकी जायदाद जबरन लिखवा लेने के मामले ने पिछले दिनों खूब तूल पकड़ा था। हाईकोर्ट में विनीत की याचिका पर सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने सरकार को इस मामले का संज्ञान लेने और उस पर कड़ी कार्रवाई का आदेश दिया था। इसी के बाद स्थानीय गोमती नगर थाने पर सुब्रत राय, ओपी श्रीवास्तव समेत सहारा के 11 वरिष्ठ लोगों के खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज कराया गया था। सहारा के मीडिया प्रबंधकों ने इन खबरों को दबाने की पुरजोर कोशिशें की थीं। तब किसी पत्रकार को विलायती शराब की बोतल, किसी को चांदी का ग्लास, तो किसी को और भी ज्यादा महंगे तोहफे और कुछ को नकदी का लिफाफा भी टिकाया गया था। लेकिन मामला दबा नहीं।
इसी के फौरन बाद ही सेबी की नोटिसों ने भी सहारा की नींद हराम कर दी। हजारों करोड़ की देनदारी वाली इन नोटिसों की खबर सहारा के निवेशकों को न लगे, इससे निवेशकों में हड़कंप और भगदड़ मच सकती है। लेकिन यह मामला भी अखबारों और चॅनलों में दब नहीं पाया। बताते हैं कि अब तक मीडिया को मनाने और लुभाने की कोशिशें फ्लाप होने के चलते सहारा ने अब मीडिया के लोगों के घरों तक सीधे पहुंचने की योजना बनायी और आमों का टोकरा इसी का परिणाम है। हालांकि कुछ जुगाड़ू पत्रकार सहारा से कुछ ही नहीं, बहुत ज्यादा वसूलने की जुगत में जुट गये हैं। उधर खबर तो यह भी है कि इस दिग्गज कांग्रेस नेता का अच्छा खासा पैसा सहारा में लगा हुआ है।












veer chauhan
June 27, 2011 at 7:22 pm
ग़लत और निराधार ख़बर है
kumar kalpit
June 27, 2011 at 10:22 pm
AARADHNA JII KONGRESHEE NETA PRAMOD TIWAREE KE BETII HAI… SAHARA YESE HII BULANDIYON PAR NAHII HAI.. AADALTIN KE RITAYARD JAJON VAA RBI KEE RITAYRD GAVRNARO KO U HEE APNE YAHHN BADE OHADON NAHEE RAKHATA HAI. VEE LOG IN DINOO KE LIYE HEE PALE JATEE HAI.. PRAMOD TIWARI KA SAHARA MEE JO BHE PAISA LAGA HAI USKEE RAKCHA AARADHNA MISHRA HEE TO KREGEE 🙂
ashutosh
June 28, 2011 at 7:44 am
Pramod Tiwari JI ek Sammanit Vyakti hai aur aaz tak koi bhi khabar unke khilaaf nahi hai, mera koi rishta nahi hai par mai itna janta hu ki sahara mein unki is tarah ki koi dakhalndazi nahi hai, aur rahi aaradhna didid ki baat aisa kaam wo kar hi nahi sakti hai
ashutosh
June 28, 2011 at 7:48 am
ग़लत और निराधार ख़बर है [email protected]
mini sharma
June 28, 2011 at 8:33 am
Logo ko bhee kuch kaam kaaj nahee hai….Jo chahe Khabar chap dete hain..thora bahut too sab hee companies mai hota hai…per sayed Sahara ek aise company hai jo kee sare tax time per pay kartee hai…. Yeh sab wahee karte hain jinko kewal haram kee kamai chaheye…aur kabhee sahara too kabhee aur kisee company ko badnam karte hee rahte hain…..Sebi mai bhee chand log aise hee honge jo kee sahara se personally dusmani rakhte hain………….
kumar kalpit
June 28, 2011 at 9:41 pm
VEER CHAUHAN JII AUR BHAI ASHUTOSH GALAT AUR NIRADHAR KHABAR HAI..LIKH DENE MATRA SEE CHLNE WALA NAHEE HAI., AUR NAA HEE AAPKE PRAMARPARTA KE AAVSHKATA HAI.. AAP TO VESHAE GALAT AUR NIRADHAR KHABAR LIKH RAHE HAI JAISE PRAMOD TIWARI KEE SUPUTREE AAPSE POONCH KAR SABKUCH KARTEE HAI.:)