83 साल की पत्रकार नैन राबर्टसन नहीं रहीं। न्यूयार्क टाइम्स की सीनियर रिपोर्टर और पुलित्जर पुरस्कार विजेता राबर्टसन की शख्सियत जोरदार थी। उन्होंने न्यूयार्क टाइम्स में महिला पत्रकारों से होने वाले भेदभाव पर किताब लिखा। पत्रकारिता में महिलाओं की स्थिति के विश्लेषण के मामले में इस किताब को मील का पत्थर माना जाता है। 1992 में प्रकाशित इस किताब का नाम है ‘द गर्ल्स इन द बालकनी’। किताब में अखबार के अंदर महिलाओं के साथ होने वाले भेदभाव का बारीकी से उल्लेख किया गया है। सेलरी, प्रमोशन में किस तरह महिलाओं के साथ दोयम रवैया अपनाया जाता है, कितनी महिला पत्रकारों ने भेदभाव के कारण नौकरी को बाय बोल दिया, इसका लेखा-जोखा किताब में है। किताब के नाम में जिस बालकनी शब्द का इस्तेमाल है, उसका आशय वाशिंगटन स्थित नेशनल प्रेस क्लब के आडिटोरियम के उपर की बालकनी से है।
इसमें 1955 तक महिलाओं के घुसने और 1971 तक सदस्य बनने पर रोक लगी हुई थी। ऐतिहासिक मुकदमों के बाद महिलाओं को इस क्लब में वो सारे अधिकार मिले जो पुरुषों को प्राप्त थे। राबर्टसन जमकर दारू पीती थीं और अपने दारू के अनुभवों पर काफी कुछ लिखा भी है। दारू से निजात पाने के लिए राबर्टसन को लंबा इलाज कराना पड़ा। वे ‘एल्कोहलिक एनोनिमस’ संस्था की लंबे समय तक सदस्य रहीं। उन्होंने 1988 में ‘गेटिंग बेटर : इनसाइड एल्कोहलिक्स एनोनिमस’ नामक किताब में मदिरापान के विभिन्न सुखों-दुखों का वर्णन किया है। यह किताब भी कई वजहों से ऐतिहासिक है।
नैन राबर्टसन का जन्म शिकागो में 11 जुलाई 1926 को हुआ था। उन्होंने 1948 में जर्नलिज्म की डिग्री ली। वे पेरिस, बर्लिन, लंदन, फ्रैंकफर्त, न्यूयार्क समेत कई शहरों में विभिन्न मैग्जीनों-अखबारों में विभिन्न पदों पर रिपोर्टिंग करतीं रहीं। राबर्टसन 1988 में रिटायर हुईं। उन्हें इंटरनेशनल वोमेन्स मीडिया फाउंडेशन और वाशिंगटन प्रेस फाउंडेशन की तरफ से लाइफटाइम एचीवमेंट एवार्ड दिया गया। राबर्टसन 1994 से लेकर 1999 तक विश्विद्यालय में विजिटिंग प्रोफेसर के बतौर पढ़ाती रहीं। राबर्टसन ने तीन शादियां कीं। पहले पति से उनका तलाक हो गया। दूसरे पति का 1971 में निधन हो गया। तीसरे पति की मौत 2006 में हुई।
राबर्टसन के दारू के संस्मरण प्रभावशाली और प्रेरणादायक हैं। किस तरह मदिरा से उन्होंने मुक्ति पाई। मदिरा सेवन के बाद किन-किन अवस्थाओ से गुजरीं, इसकी झलक उनके लिखे से मिलती है। उनके लिखे का एक अंश अभिव्यक्ति के लोकतांत्रिक मंच प्रधानजी डॉट कॉम पर प्रकाशित किया गया है। उनका लिखा अंग्रेजी में है। पढ़ने के लिए क्लिक करें- ‘It is 22 years since I took my last drink of alcohol’
नैन राबर्टसन की मृत्यु और जीवन के बारे में ज्यादा जानने के लिए ‘द वाशिंगटन पोस्ट’ से साभार लेकर प्रधानजी डॉट कॉम पर प्रकाशित किए गए न्यूज को पढ़ें, क्लिक करें- Pulitzer Prize-Winning Journalist Is Dead











