: गणित में कमजोर हिन्दुस्तान! : हिन्दुस्तान अखबार में लखनऊ के स्टाफ की मैथमेटिक्स आजकल कुछ कमजोर पड़ गयी है। इसे मार्केट का प्रेशर कहें या फिर स्टाफ की कमजोरी। लखनऊ में खेल पेज पर छपी चार कालम की एक खबर में न सिर्फ हिन्दुस्तान वालों की मैथ गड़बड़ है, बल्कि उसी खबर में लगे एक छोटे से बाक्स में लिखे गये सत्तर अस्सी वर्ड में भी ग्रामर की आधा दर्जन मिस्टेक। मैथ की बात करें तो यूपी ने 220 रन बनाये और कर्नाटक ने 172 रन।
इन दोनों में अंतर हुआ 48 का। अखबार के गणितज्ञों द्वारा कैलकुलेट करने के बाद अंतर 58 रन का आया। बाक्स में एक प्लेयर की बात की गयी है जिसमें उसकी चार पारियों में बनाये गये रनों का जिक्र किया गया है। लेकिन खबर पढ़ कर ऐसा लगता है कि उस प्लेयर ने वह चारों पारियां एक ही दिन में खेली हों। हिन्दुस्तान के संपादक जी क्या दृष्टि बाधित खिलाड़ियों की खबर किसी दृष्टि बाधित ने ही लिखी थी क्या? और किसी दृष्टि बाधित ने उस खबर को पास भी कर दिया? मेरी तो आप से यही सलाह है कि अपने ही अखबार में एड निकाल के एक अच्छा सा सब एडिटर पोस्ट कर दें। वरना कुछ बिंदी और मात्राएं बदलने से उसका अर्थ कितना बदल सकता है यह आप जानते ही होंगे।
((अगर उपरोक्त अखबार की कटिंग को पढ़ने में दिक्कत हो रही हो तो खबर पर क्लिक कर दें, सब साफ-साफ पढ़ने में आएगा))
लखनऊ के एक पत्रकार द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित













manish
February 10, 2011 at 3:53 am
ye hal ranchi ke hindustan ka hai