बोकारो के पत्रकार आनंद सिंह की माता श्रीमती मनोरमा सिंह का पिछले दिनों निधन हो गया. वे 71 साल की थीं तथा दमा और मधुमेह से पीडि़त थीं. वे पिछले कुछ समय से बीमार चल रही थीं. उनका इलाज बोकारों के एक हॉस्पीटल में चल रहा था. बीच में उनकी हालत ज्यादा खराब हो गई. उन्हें आठ दिनों तक वेंटिलेटर पर रखा गया था. अथक प्रयास के बाद भी डाक्टर उन्हें बचाने में सफल नहीं हो सके.
श्राद्ध कार्यक्रम 20 फरवरी को है. मनोरमा सिंह अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गई हैं, जिसमें पति पूर्व प्रोफेसर देवेंद्र सिंह, पुत्र अमिताभ, आनंद, अविनाश, पुत्री आशा एवं देवर ब्रजेंद्र शामिल हैं.












brijesh
February 15, 2011 at 1:30 pm
yashwant jee, anand singh bokaro ke nahi balki koderma ke rfahne wale hain. kripya ise sudhar len.
brijesh
ashok mishra
February 18, 2011 at 6:35 am
भाई आनंद सिंह जी,
यह खबर काफी दुखदायी है। मैं आपकी पीड़ा समझ सकता हूं क्योंकि मातृ-पितु विहीन होने का दुख मैं भी उठा चुका हूं। भगवान आपको और आपके परिवार को यह दुख सहन करने क्षमता प्रदान करे, इसकी कामना करता हूं।
अशोक मिश्र
ashok mishra
February 18, 2011 at 6:46 am
भाई आनंद सिंह जी,
यह खबर काफी दुखदायी है। मैं आपकी पीड़ा समझ सकता हूं क्योंकि मातृ-पितु विहीन होने का दुख मैं भी उठा चुका हूं। भगवान आपको और आपके परिवार को यह दुख सहन करने क्षमता प्रदान करे, इसकी कामना करता हूं।
अशोक मिश्र