एस-वन न्यूज चैनल के पूर्वी उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के स्ट्रिंगर अनिल कश्यप द्वारा चेक बाउंस होने का मुकदमा करने से संबंधित जो खबर भड़ास4मीडिया पर प्रकाशित हुई है, उस पर एस1 प्रबंधन ने अपना पक्ष भेजा है। एस-वन न्यूज चैनल के न्यूज रूम प्रभारी राजीव शर्मा द्वारा भेजे गए पत्र को यहां प्रकाशित किया जा रहा है। -एडिटर, भड़ास4मीडिया
”आर्थिक मंदी के दौर में लगभग हर किसी चैनल में कटनी-छंटनी (वेतन कटौती और मीडिया कर्मियों की छंटनी) चल रही है। एस-वन चैनल इकलौता ऐसा उदाहरण है कि जो बिना कटनी-छंटनी के, चौबीस घंटे निरंतर नई खबरें प्रसारित कर रहा है। एस-वन चैनल से प्रत्यक्ष और परोक्ष रूप से 450 से 500 लोग जुड़े हैं। मंदी के दुष्प्रभावों के बीच इन सब से किए वादे और उनकी अपेक्षाएं पूरी की जा रही हैं। एस-वन की मंशा, किसी का मानदेय न कभी रोकने की थी और न रहेगी। गाजीपुर के अनिल कश्यप ने चेक डिसऑनर होने की जानकारी दी होती तो उनका भुगतान नकद किया जा सकता था। असलियत यह है कि एस-वन से जुड़ने के कुछ दिन बाद से ही अनिल कश्यप के खिलाफ शिकायतें मिलनी शुरू हो गई थीं। अनिल कश्यप को संस्थान की ओर से हिदायतें दी गईं। बाद में उन्होंने संबंधित डेस्क से संपर्क स्थापित करना ही बंद कर दिया। एस-वन से जुड़ते वक्त अनिल कश्यप ने जो दावे-वादे किए थे, उनमें से एक भी पूरा नहीं हुआ। कई बार आग्रह के बावजूद इन्होंने चैनल की लोगो आईडी वापस नहीं की। ऐसा लगता है कि अनिल कश्यप ने माननीय उपभोक्ता फोरम को भ्रमित किया है। रही बात नोटिस के जवाब न देने की तो अनिल कश्यप किस मुंह से नोटिस भेजेंगे और माननीय उपभोक्ता फोरम की ओर से एस-वन को कोई नोटिस नहीं मिला। आशा है कि आप इन तथ्यों को प्रसारित-प्रकाशित करेंगे।”
राजीव शर्मा
न्यूज रूम प्रभारी
एस-वन न्यूज चैनल











