मेरठ (उत्तर प्रदेश) स्थित एक शैक्षणिक संस्थान ”शांति निकेतन विद्यापीठ” की तरफ से वरिष्ठ वकील गजेंद्र पाल सिंह ने हिंदी दैनिक हिंदुस्तान, मेरठ के एजूकेशन रिपोर्टर प्रवीण दीक्षित, स्थानीय संपादक राजीव मित्तल और मुख्य संपादक मृणाल पांडेय को लीगल नोटिस भेजा है। इस नोटिस में दैनिक हिंदुस्तान, मेरठ संस्करण में 10 मई 2009 को प्रकाशित एक खबर को गलत और दुर्भावनापूर्ण बताते हुए सप्ताह भर के अंदर गलती मानते हुए माफीनामा अखबार में प्रकाशित करने को कहा गया है। ऐसा न करने पर 25 लाख रुपये की क्षतिपूर्ति से संबंधित दीवानी और फौजदारी वाद प्रस्तुत करने की चेतावनी दी गई है।
छह पेज की इस नोटिस की एक प्रति भड़ास4मीडिया के पास भी है। नोटिस में एजूकेशन रिपोर्टर और स्थानीय संपादक पर कई अन्य आरोप भी लगाए गए हैं। शांति निकेतन विद्यापीठ सीबीएसई बोर्ड से मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान है। हर तरह की सुविधाओं से पूर्ण इस स्कूल को पश्चिमी यूपी के प्रतिष्ठित स्कूलों में शुमार किया जाता है। ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टीसी) से संबंधित जो खबर दैनिक हिंदुस्तान में प्रकाशित की गई है, उसी पर लीगल नोटिस भेजा गया है।
नोटिस में सीबीएसई बोर्ड के नियमों का हवाला देते हुए बताया गया है कि कई ऐसे बिंदु है जिसमें बोर्ड ने स्कूलों को अपनी सुविधा के हिसाब से नियम बनाने की छूट दे रखी है, इसी में एक है टीसी देने-लेने की प्रक्रिया। हिंदुस्तान में प्रकाशित खबर को गलत तथ्यों पर आधारित और पूर्वाग्रह से ग्रस्त बताते स्कूल प्रबंधन का पक्ष भी नोटिस में दिया गया है।
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