‘श्रीपाल शक्तावत को प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं’

मुकेश राजपूतश्रीपाल शक्तावत ने मुकदमा करके बहुत अच्छा काम किया है. यह एक अच्छी कोशिश है. इसकी सराहना होनी चाहिए. बैगर किसी नाम के किसी पर आरोप लगाना कहां तक सही है. ब्लॉग एक माध्यम है अपनी बात कहने का. ब्लाग बहुत सारे लोगों को आज की तारीख में एक मंच प्रदान कर रहा है. इस माध्यम का अगर कोई अपने स्वार्थ में दुरुपयोग करे तो उसे ऐसी सीख मिलनी चाहिए जो दूसरों के लिए भी एक सबक हो. श्रीपाल शक्तावत को मैं निजी तौर पर जानता हूं. हमने सहारा समय और वायस ऑफ़ इंडिया में वर्षों साथ काम किया है. यह वही श्रीपाल शक्तावत हैं जिनका नाम Shripal Shaktawat अगर आप गूगल में टाइप करके सर्च करेंगे तो अंदाजा हो जायेगा की इस शख्स को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कितना नाम और सम्मान मिला है.

अविनाश नए विवाद में फंसे, जयपुर में मुकदमा

[caption id="attachment_16082" align="alignleft"]श्रीपाल शक्तावत और अविनाश दासश्रीपाल शक्तावत और अविनाश दास[/caption]ब्लाग के जरिए दूसरों का चरित्रहनन करने के एक मामले में पीड़ित पक्ष ने ब्लागर पर मुकदमा कर दिया है। ब्लागर और पीड़ित दोनों ही पत्रकार हैं। ब्लागर का नाम है अविनाश तो पीड़ित हैं राजस्थान के वरिष्ठ पत्रकार श्रीपाल शक्तावत। ये अविनाश वही हैं जो एनडीटीवी और भास्कर समूह से विवादित स्थितियों में कार्यमुक्त किए गए। अनामी-बेनामी कमेंट के पुरजोर समर्थक और फुसफुसाहटों को ब्लाग का मंच प्रदान किए जाने के हिमायती अविनाश ने खुद पर मुकदमा होने की जानकारी मिलने के तुरंत बाद अपने ब्लाग से संबंधित कमेंट हटा दिए हैं।