ब्लाग के बाद अब डॉट कॉम में भी प्रकट हुआ ‘सत्ताचक्र’

न्यू मीडिया में धीरे-धीरे ही सही, अब ऐसे लोग और ज्यादा संख्या में आने लगे हैं जो खुलकर लिखने बोलने और कहने के लिए जाने जाते हैं. कभी सत्ताचक्र ब्लाग हुआ करता था, अब भी है. इस ब्लाग में चोर गुरुओं की जमकर पोल खोली गई. और इनमें से कई स्टोरीज सीएनईबी न्यूज चैनल पर तब चलीं जब राहुल देव एडिटर इन चीफ हुआ करते थे. कृष्ण मोहन सिंह और संजय देव द्वारा संयुक्त रूप से की गई स्टोरीज की ज्यादातर खबरें इस ब्लाग पर देखने को मिला करती थीं.

चोरगुरु दीपक केम बर्खास्त किए गए, वीएन राय कब भगाएंगे अनिल अंकित को?

जामिया मिलिया इस्लामिया, दिल्ली के सेंटर फार कल्चर एंड मीडिया गवर्नेस विभाग के रीडर चोरगुरु डा. दीपक केम को नकल करके पुस्तकें लिखने के मामले में बर्खास्त कर दिया गया। चोरगुरु दीपक केम और चोरगुरु अनिल के राय अंकित ने मिलकर कटपेस्ट करके जो किताब अपने नाम बनाई है उसका पृष्ठवार चोरी के दस्तावेज सहित खुलासा पत्रकारद्वय कृष्णमोहन सिंह व संजय देव ने अपने खोजपरक कार्यक्रम “चोरगुरू” में किया।

चोर गुरू में आज इग्नू में होने वाली अंधेरगर्दी

नयी दिल्ली, 9 मई। सीएनईबी के विशेष  कार्यक्रम चोर गुरू में  आज रात 8 बजे इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय  में तैयार होने वाले स्टडी  मैटेरियल के लिए इग्नू  की टीम द्वारा की गयी बेशर्म चोरी का पर्दाफ़ाश किया जायेगा। साथ ही यह भी दिखाया जायेगा कि किस तरह इग्नू का स्टडी मैटेरियल चुराकर थोक के भाव किताबें लिखी जा रही हैं। यह चोर गुरू कार्यक्रम की 22वीं कड़ी होगी।

राज्यपाल कसेंगे ‘चोर गुरुओं’ पर नकेल

सीएनईबी के पोलिटिकल एडिटर प्रदीप सिंह को है उम्मीद : यूपी के राज्यपाल को पत्र लिखा, शो की सीडी और प्रमाण भी भेजा : विश्वविद्यालयों व शिक्षण संस्थानों में अफसरों, कुलपतियों, अध्यापकों, पुस्तक प्रकाशकों की मिलीभगत से अध्यापकों द्वारा नकल करके लिखी व छपी पुस्तकों का सालाना लगभग 500 करोड़ रुपये का अवैध कारोबार हो रहा है. हर साल इतने बड़े रकम की ऐसी पुस्तकों की खरीद विश्वविद्यालयों के कुछ कुलपतियों, अध्यापकों, प्रकाशकों, सप्लायरों, यू.जी.सी. व संबंधित मंत्रालयों के कुछ अफसरों, हुक्मरानों की तथाकथित आपसी ऊपरी मोटी कमाई वाली काकस के चलते हो रही है.