राजेंद्र जोशी नहीं दे रहे हैं सेलरी के चौंतीस हजार रुपये

: नए लोग मीडिया में आएं तो हरामियों से निपटना भी सीखकर आएं : सेवा में, संपादक जी, bhadas4media, महोदय, चार महीनो से मैं डिप्रेशन में आ चुका हूँ. मुझे लगता है कि जब तक मैं अपनी पूरी भड़ास न निकाल लूँ, मुझे सुकून नहीं मिलेगा. इसलिए मैं आज अपनी आपबीती आपके पोर्टल के जरिये सबको बताना चाहता हूँ ताकि मेरे साथ साथ मेरे दूसरे साथी भी इस खबर को पढ़ कर हकीकत जान सकें.

चौथा शब्‍द साधक शिखर सम्‍मान हंस के संपादक राजेंद्र यादव को

चौथे जेसी जोशी साहित्‍य पुरस्‍कारों को घोषणा कर दी गई है. इस साल का शब्‍द साधक शिखर सम्‍मान हिंदी के प्रख्‍यात कथाकार और हंस साहित्यिक पत्रिका के संपादक राजेंद्र यादव को देने का निर्णय लिया गया है. यह पुरस्‍कार राजेंद्र यादव के जन्‍म दिन की पूर्व संध्‍या पर 27 अगस्‍त को दिल्‍ली स्थित हिंदी भवन में पांच बजे से आयोजित पाखी महोत्‍सव में प्रदान किया जाएगा.

ठेकेदार के आगे बौना हुआ सूचना निदेशालय

उत्तराखण्ड के सूचना निदेशालय को बीते पांच सालों से एक ठेकेदार चला रहा है। वह जब चाहता है तब अपने मनमाफिक कर्मचारी को सीट पर बैठा देता हैं और जब चाहता है किसी को भी हटा देता है। यही कारण है कि बीते सालों से यह ठेकेदार निदेशालय के अधिकारियों तक को उंगलियों पर नचा रहा है। मामला मुख्यमंत्री की वीडियो कवरेज से जुड़े ठेके के बाद तब खुला, जब इस कार्य के लिए राजधानी देहरादून सहित देश के कई और स्थानों से कई ठेकेदार इस काम को लेने के लिए निविदा डालने आये।