कहिन मौत से दो घंटे पहले की आशु कविता [caption id="attachment_15699" align="alignleft"]योगेशजी की मंच पर एक अन्य मुद्रा। तस्वीर साभार : मृत्युंजय[/caption]नियम यह है विधाता का, सभी आकर चले जाते। मगर कुछ लोग... bhadas4media.comSeptember 4, 2009