महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार और गृह मंत्री आरआर पाटिल ने मी मराठी के विशेष सवांददाता शशिकांत को मुंबई के भारतीय विद्या भवन में गुरुकुल अवार्ड से सम्मानित किया. इस पुरस्कार के अंतर्गत शशिकांत को 25 हजार रुपये नगद, श्रीफल और शाल भेंट किया गया. दोनों मंत्रियों से शशिकांत के कार्यों की सराहना की.
शशिकांत पिछले डेढ़ दशक से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वे सामाजिक कार्यों में भी बढ़चढ़कर रूचि लेते हैं. पत्रकारिता में आने से पहले वे मेधा पाटेकर के साथ नर्मदा बचाओ आन्दोलन सक्रिय भूमिका निभा रहे थे. बाद में लेखनी को अपना हथियार बनाकर इस आन्दोलन को हवा-पानी प्रदान करते रहे.
शशिकांत की आंदोलनों के प्रति उनकी कर्मठता का आंकलन इसी से किया जा सकता है कि उन्हें पुरस्कार स्वरूप जो धनराशि मिली, उसे पांच संस्थाओं में बराबर-बराबर बांट दिया. इन संस्थाओं में नर्मदा बचाओ आन्दोलन, मुंबई सर्वोदय मंडल, आनंद वन आदि शामिल हैं. वर्तमान में शशिकांत महाराष्ट्र टीवी एसोसिएशन के प्रादेशिक अध्यक्ष हैं. वे पत्रकारों के हक़ के लिए हमेशा लड़ते रहते हैं.












rakesh mitra
March 12, 2011 at 7:23 am
bhadhayi.
Kumar Abhishek
March 14, 2011 at 6:43 am
Congratulation Sir…….& all the best for future……….
brijbhan jaiswar
March 19, 2011 at 4:09 pm
shasi sirji congratulation aage bhi isi tarah aapko milte rahe purashkar yahi aapke dosto ki hasrat hai .
brijbhan jaiswar