भोपाल अंतर्राष्ट्रीय नक्शे में एक प्रसिद्ध नाम है। यहां लिट्टे के द्वारा संचालित कारखाने मिलते हैं वहीं दाऊद ईब्राहिम जैसे अंतराष्ट्रीय अपराधी के ग्रुगों की शरण स्थली भी है। लश्कर-ए-तैयबा से संबंधित सिम्मी के केन्द्र के रूप में इसे जाना जाता है। और अब यह हाई प्रोफाइल सेक्स रैकेट के सदस्यों की भोपाल में क्राईम ब्रांच द्वारा गिफ्तारी तथा दिल्ली की काल गर्ल्स के पकड़ाने से साफ हो गया है कि भोपाल में जिस्म फरोशी का कारोबार भी हाई प्रोफाइल ढंग से आ रहा है।
दिल्ली, बम्बई, कलकत्ता और मद्रास की तरह भोपाल भी अब गरम गोश्त के सौदागरों का केन्द्र बनता जा रहा है। गत वर्षों से भोपाल के खोजी पत्रकारों को संकेत मिल रहे थे कि दिल्ली, मुबंई की कालगर्ल्स का भोपाल में आना जारी हो गया है। दो नंबरी अमीर अय्याश व्यापारी, रिश्वतखोर बेलगाम भ्रष्ट अधिकारीगण, बिल्डर्स और ठेकेदारों को चारा के रूप में कालर्गल्स सप्लाई की जा रही है। पिछले 10 वर्षों से भोपाल में प्रदेश की विभिन्न विकास योजनाओं के निर्माण कार्यों के ठेके भारत की विभिन्न कंपनियों को दिये जाते रहें हैं।
मध्यप्रदेश के भ्रष्ट राजनेताओं अधिकारियों की मिलीभगत से भ्रष्टाचार की बेल फल-फूल रही है। शराब, शबाब और कबाब के साथ प्रदेश के बडे होटलों में कालेधन के सौदागर अपने सौदों को पक्का कर रहें हैं। जिस्मफरोशी का धन्धा भी अब हाईटेक रूप से चलाया जा रहा है और अनेक पोर्टल पर विज्ञापन देकर ग्राहक बटोरे जाते हैं। भोपाल में एक तीन सितारा होटल में पकड़ाई सिमरन (कल्पित नाम) की कालगर्ल का विज्ञापन एक एयर होस्टेस के रूप में दिया जा रहा था।
इस रैकेट का समाचार ”प्रतिवाद” डॉट कॉम न्यूज बेवसाईट ने दिया, ”प्रतिवाद” न्यूज वेबसाइट के रूप में गत 6 वर्षों से कार्य कर रही है। जब इसके संपादक दीपक शर्मा को एक मेल द्वारा सूचना मिली तो उन्होंने अपनी साइट द्वारा इस कालगर्ल्स व इस रैकेट का भंडाफोड़ करने के लिये 9 मार्च को निर्णय कर लिया गया था। 10 मार्च को 11 बजते ही इस समाचार को पहले प्रसारित कर तथा मध्य प्रदेश की विधानसभा प्रेस कक्ष में सप्रमाण विज्ञापन की फोटोकापी वितरित कर दी और उनकी साइट और ई-मेल से इसकी खबर मीडिया के लोगों को लग गई, जिसमें कालगर्ल्स सिमरन, उनके दिल्ली स्थित दलाल गुप्ता का मोबाईल नंबर भी था।
दीपक शर्मा के माध्यम से सारी जानकारी मिलने पर पत्रकारों ने पुलिस को सूचित किया और दीपक शर्मा और भरत पमनानी के साथ क्राइमब्रांच ने होटल पर स्टिंग आपरेशन के बाद छापा मार कर सिमरन को गिरफ्तार कर लिया। दीपक शर्मा और भरत पमनानी को पुलिस ने पूर्ण सहयोग करते हुए सफल छापामार कर्रवाई को अंजाम दिया दिया। पुलिस ने हाई प्रोफाईल सेक्स रैकेट के एक मोहरा को गिरफ्तार कर लिया। यह कालगर्ल इन्दौर में एक होटल में रही और 10 तारीख को भोपाल सुबह ही पहुंची थी। दिल्ली की एक साधारण परिवार की युवती देह व्यापार के लिये इन्दौर से पूर्व अन्य बड़े शहरों में भी जा चुकी है।
देह व्यापार का एक बहुत बड़ा रैकेट, जो बेबसाइट के माध्यम से ग्राहक तलाशता है, हर क्षेत्रों को लड़कियां सप्लाई करता है।10 मार्च की रात्रि को दीपक शर्मा और भरत पमनानी जब महिला थाना के परिसर में थे, उसी समय सेक्स रैकेट का सप्लायर गुप्ता ने पत्रकार को जान से मारने की धमकी दी। जिसकी सूचना पत्रकारों को मिलने पर उन्होंने रात 12 ही एमपी नगर थाने में इसकी शिकायत दर्ज करवा दी थी, इस के बाद मध्य प्रदेश के गृहमंत्री उमाशंकर गुप्ता को उनके निवास पर जाकर इसकी जानकारी दी।
सेक्स रैकेट की धमकी के बावजूद पत्रकारों की जान की सुरक्षा नहीं की जा रही है। पुलिस को युवती ने बताया कि इन्दौर से डेढ़ लाख रूपये कमाकर भोपाल लाई थी और 1.50 लाख रूपये उसने अपने दलाल के अकाउन्ट में जमा कर दिये। पचास हजार रूपये क्राइम ब्रांच ने उसके पास से नगद बरामद किये हैं। महिला थाना पुलिस ने शुक्रवार 11 मार्च को युवती को जिला अदालत में पेश किया। विवेक गौर एसडीओ ने पुलिस की ओर से पैरवी करते हुए दो दिन के रिमान्ड की मांग की, जो उन्हें प्राप्त हो गई।
क्राईम ब्रांच की एएसपी मोनिका शुक्ला की पूछताछ में युवती ने अपने एजेन्ट का नाम विनोद गुप्ता बताया है, जो दिल्ली रैकेट का मुखिया है। अभी तक यह जानकारी नहीं मिली है कि इन्दौर से कालगर्ल किसके माध्यम से भोपाल आई थी और इन्दौर में कहां ठहरी थी। युवती के पास से जो मोबाईल जप्त किया गया है, उसमें कई बड़े रसूखदार हस्तियों के नम्बर मिले हैं। युवती ने इन ग्राहकों के नम्बर गुप्त कोड में सेव किये हैं। दिल्ली से संचालित इस रेकेट की सदस्य से इस व्यापार से जुड़ी एक पोर्टल में सिमरन नाम से जुड़ी हुई है। ’’प्रतिवाद’’ द्वारा जब इस पोर्टल की जानकारी पत्रकारों को मिली तो उन्होंने पुलिस को सूचित किया था।
सेक्स व्यापार से जुड़ी युवती ने पुलिस को बताया है कि सेक्स रैकेट से जुड़े पोर्टल का दावा है कि उनके नेटवर्क में 15000 हजार लड़कियां शामिल हैं। जिस पोर्टल के माध्यम से इस धन्धे में आयी है, उसका नेटवर्क इस देश में ही नहीं बल्कि विदेशों में भी है। यह सेक्स रैकेट दुनिया भर में फैला हुआ है। भोपाल और दिल्ली की पुलिस भी पोर्टल की डीटेल्स हासिल कर इसके संचालकों की तलाश शुरू कर रही है। दिल्ली पुलिस भी इस गिरोह की तलाश करने में लग गयी है। भोपाल की पुलिस ने राजस्थान, अहमदाबाद में अपनी टीमें भेजी हैं। पुलिस सुधांशु गुप्ता को लताश कर रही है। जिसने इस युवती को भोपाल भेजा था। सुधांशु गुप्ता को ने अपना मोबाइल बन्द कर लिया है।
हाई प्रोफाइल युवती सिमरन दिल्ली की रहने वाली है। 12 वीं पास यह युवती एक बेरोजगार परिवार से जुड़ी है। उसके माता-पिता बेरोजगार हैं। परिवार के भरा-पोषण के लिए वह इस काम से जुड़ी है। इस सेक्स रैकेट का मुखिया कौन है, क्या विनोद गुप्ता किसी के संरक्षण में यह अन्तर्राष्ट्रीय सेक्स व्यापार चला रहा है, मध्य प्रदेश में इसके कौन सहयोगी हैं, भोपाल इन्दौर में इससे पहले कितनी काल गर्ल्स भेजी गई थीं, इंदौर में देह व्यापर के लिये ग्राहक और व्यवस्था करने वाले कौन हैं, इंदौर से भोपाल यह युवती किनके माध्यम से आई थी, इन सब सवालों से रहस्यों का पर्दा उठना अभी बाकी है।

लेखक राजेंद्र सिंह कश्यप भोपाल में पत्रकार हैं.











