बिहार के सुशासन वाली सरकार में पुलिस ने मीडियाकर्मियों के ऊपर दिखाई अपनी दबंगई। एक घटना के मामले में जानकारी लेने पहुंचे मीडियाकर्मियों को पुलिस ने धक्का मारकर थाने से निकाल दिया। पुलिस ने अपनी गलती को छुपाने के लिए धक्का-मुक्की की। इसे लेकर मीडियाकर्मियों में गुस्सा और रोष दोनों है।
मामला है, समस्तीपुर जिला के दलसिंहसराय थाना के पीपरपति का, जहां बीते दस जुलाई को हथियार बंद अपराधियों ने घर में घुसकर एक महिला की गोली मार कर हत्या कर दी थी। इस घटना में एक दस वर्षीय बच्चा भी घायल हो गया था। शाम को पाँच बजकर तीस मिनट के आसपास अपराधियों ने घटना को अंजाम दिया। घटना के लगभग तीन घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस मौके पर नहीं पहुंची तो मौर्य टीवी के रिपोर्टर मुकेश कुमार, महुआ न्यूज़ के रिपोर्टर रजनीश कुमार और ताज़ा टीवी के संजीव नैपुरी दलसिंहसराय थाना पर पुलिस का पक्ष जानने के लिए पहुंचे।
जैसे इन मीडियाकर्मियों ने थाने में बैठे डीएसपी रामसागर शर्मा से प्रश्न किया, बगल में बैठे थाना अध्यक्ष रमेश चन्द्र उपाध्याय कैमरे पर हाथ मारते हुए तीनों मीडियाकर्मियों को धक्का देते हुए थाना से बाहर कर दिया। इस मामले की शिकायत मीडियाकर्मियों ने जिले के एसपी दलजीत सिंह से लेकर मुख्यमंत्री नितीश कुमार से किया है। इस मामले में मुख्यमंत्री ने जिले के एसपी दलजीत सिंह को जाँच का आदेश भी दिया है। पर क्या दोषी थाना अध्यक्ष पर कार्रवाई होगी या फिर पुलिस की ये दबंगई ऐसे ही चलती रहेगी?












Harishankar Shahi
July 18, 2011 at 4:50 pm
लगता है यह तीनो लोग ठीक ठाक पत्रकार हैं अन्यथा अधिकतर थानेदार तो इलेक्ट्रोनिक मीडिया वालों के भाई साहब होते हैं. वहीँ थाने पर बैठकर मिठाई भी खाते है और थानेदार का यशो गान भी करते. कुछ यू.पी. कि जिलों के स्ट्रिंगरो से सीखो भाई लोगों.
k c jha
July 18, 2011 at 4:02 pm
bhai pure bihar ka hal hi asha hi. [ k c jha 09910373481[