रांची का बाजार दहलाने को भास्कर तैयार

: डमी का प्रकाशन शुरू : कई प्रदेशों के वरिष्ठों ने डेरा डाला : हाकरों को खरीदने का अभियान जोरशोर से : हाकरों का दूसरा गुट नाराज : लांचिंग डेट फाइनल : मालिकों का विवाद अंदरखाने सुलझने की चर्चा :  डीबी कार्प ने रांची के मार्केट को दहलाने की अंतिम तैयारी कर ली है. अब सिर्फ मैदान में आना बाकी रह गया है. विश्वसनीय सूत्रों से मिली जानकरी के अनुसार रांची में दैनिक भास्कर अखबार 21 या 22 या 23 अगस्त को आ जाएगा.

अभी तक 22 अगस्त लांचिंग डेट के रूप में प्रचारित है पर यह भी संभव है कि भास्कर एक दिन पहले लांच करा दिया जाए या एक दिन बाद लांच हो. भास्कर रांची में दैनिक भास्कर नाम से ही लांच होगा. माना जा रहा था कि ब्रांड नेम विवाद न सुलझते देख प्रबंधन दिव्य भास्कर नाम से अखबार रांची में लांच कर सकता है पर अब दैनिक भास्कर नाम से लांचिंग की तैयारियों को देख लगता है कि मालिकों के आपसी झगड़े का अंदरखाने निपटारा हो चुका है. बताया जा रहा है कि दैनिक भास्कर अखबार के डमी का प्रकाशन जोरशोर से शुरू हो चुका है. रोजाना हजारों कापियां प्रकाशित की जा रही हैं ताकि लांचिंग से पहले अखबार पूरी तरह व्यवस्थित और फुल प्रूफ हो सके.

गुजरात से अनिल सिंह अपनी पूरी टीम के साथ रांची में डेरा डाल चुके हैं. यूनिट आपरेशन हेड, बड़ौदा अशोक शर्मा और यूनिट आपरेशन हेड, सूरत धीरज रोमन भी रांची में सक्रिय हो गए हैं. पंजाब और राजस्थान से भी वरिष्ठ लोगों को बुलाया जा चुका है. देखना है कि रांची में भास्कर के प्रकाशन से जमे-जमाए अखबारों में किसकी नैया डूबती है और किसकी नैया डूबने से बच पाती है. पर इतना तो तय है कि भास्कर को रांची में बहुत कड़े मुकाबला का सामना करना पड़ेगा. हिंदुस्तान, दैनिक जागरण जैसे खिलाड़ियों के अलावा प्रभात खबर जैसा मजबूत अखबार रांची में है जो झारखंड की धड़कन की तरह है. ऐसे में दैनिक भास्कर खुद को शीर्ष पर रखने के लिए मार्केटिंग गिमिक का सहारा ले रहा है.

उधर, रांची में सर्कुलेशन की लड़ाई अभी से दैनिक भास्‍कर ने लड़ना शुरू कर दिया है. हाकरों के एक बड़े गुट को भास्कर प्रबंधन ने पटा लिया है. छोटा सा एक गुट लाभ न मिलने से खफा है. एक गुट ऐसा भी है जो स्थानीय अखबारों के प्रति प्रतिबद्ध है. ये गुट भास्कर के खिलाफ सक्रिय हो गए हैं. इनका आरोप है कि दैनिक भास्‍कर मैनेजमेंट हॉकरों को  आपस में बांटकर अपना काम निकालना चाहता है. अखबार की सारी बुकिंग अपने सर्वेयरों द्वारा कराए जाने से भी हाकर नाराज दिख रहे हैं.

ज्ञात हो कि भास्‍कर ने 299 रुपये में एक साल तक अखबार और कई सौ के गिफ्ट हैम्‍पर व कूपन देने की योजना से हजारों लोग को अखबार से एडवांस में जोड़ लिया है. इसमें एक भी बुकिंग हॉकरों ने नहीं की है. हॉकर यूनियन संयुक्‍त मोर्चा, रांची के गंगा प्रसाद ने बताया कि अखबार ने हॉकरों को शुरू से ही किनारे कर रखा है. उसने अपनी योजना में अपनी कीमत तो निकाल ली है, लेकिन हॉकरों का पैसा पाठकों के पास ही छोड़ दिया है. जब हॉकर अखबार देगा तब उसे पाठक से पैसा लेना होगा. इसमें हॉकरों को कई प्रकार की दिक्‍कतें आयेंगी.

गंगा प्रसाद के मुताबिक पाठकों से कहा गया था कि भास्कर 15 अगस्‍त तक लांच हो जाएगा. पर अखबार अभी तक लांच न होने से पाठकों ने अब हम लोगों से पूछना शुरू कर दिया है कि भास्कर क्यों नहीं दे रहो हो. पाठक हमें अपना कूपन जमा करने के लिए दे रहे हैं. जबकि इसके एवज में भास्‍कर की तरफ से हमें कुछ नहीं मिलना है. हमने अपनी बात और मांगों से भास्‍कर प्रबंधन को अवगत करा दिया है. अगर हमारी बात नहीं मानी गई तो हम कोई भी कठोर निर्णय ले सकते हैं. भास्‍कर प्रबंधन हॉकरों को लालच देकर तोड़ने की कोशिश कर रहा है.

गंगा प्रसाद ने बताया कि किसी को नौकरी का लालच दिया जा रहा है तो किसी को साइकिल का. हॉकरों से कहा जा रहा है कि अकेले आइए, ग्रुप में मत आइए. कुछ हॉकरों को चेक भी दिया जा रहा है. उन्‍होंने बताया कि 200 हॉकरों ने बैठक करके अखबार प्रबंधन को अपने विचार से अवगत करा दिया है. गंगा प्रसाद ने कहा कि अब तक रांची में किसी भी अखबार ने इस तरह की नीति नहीं अपनायी थी, जैसा भास्‍कर अपना रहा है.

Comments on “रांची का बाजार दहलाने को भास्कर तैयार

  • bhaskar banto aur raj karo ki purai niti apna raha hai. ek matra lakshya hai ki pahle pathhako ko lalach dekar jaal me fansaya jay fir sirf laabh par kendrit ho jayega. iske chakkar me up aur bihar wale kshetra me thodi-bahut patrakarita ki jo lau bachi hai wo bhi bujh jayegi. ab content nahi ley-out pr jor hoga aur localigetaion hoga. national aur international khabron ka daur ab akhbar se khatm hoga. us kshetra k logono ab aap akhbar par nirbharta aur vishwasniyata chhodo. sirf bbc aur content wale akhbar par dhyan lagao…….

    Reply
  • Ankit Khandelwal says:

    This is called pure form of business, where long term plan is just to receive profit by adopting any kind of methods.

    Reply
  • Akash deep (Ranchi) Bariatu says:

    As per my knowledge and belief this Sanykta Sangharsha Morcha is one of the biggest hawker morcha and Bhasharkar may not be able to face this agitation called by Morcha. This is great threat to Bhashkar management.

    Reply
  • PALLOVE GODDA says:

    BASKAR KE ANE SE KAM SE KAM PATRAKARO KA SOSAN KAM HOGA.JO KAM PA RAHE THE UNEHE AAB ADHIK DENE KE LIYE OHI AKHBAR SOCH RAHE HI

    Reply
  • Sujesh Ch. Narayan says:

    Bhaskar ke lonching incharge Pawan Goswami avm Avay Sinsh ko prakashan se pahale hi Bhaskar ko no. 1 banane ke liye bahut bahut badhai

    Reply
  • surinder singh says:

    aj ka yug hai competition ka hai marketing ka funda apnane me kisi had tak gir jana ho wo bhi chalta hai rahi baat hawker’s ki to jaroor bhaskar ne ye scheme punjab mein chali thi jiska use dusre rajyon mein bhi apnana par raha hai ek baar in hawker’s ko khoon chatta do to inko hamesa adhik khoon ki chahat hoti hai jaisa ki punjab mein hua yaha launching mein hawker’s ko kya kya nahi diya par ye jaat hi aisi hai ki inhe khana hi nahi aata icecream chamach se khani hoti hai to ye pore haat dal kar khate hai yahan to commission bahoot mil raha hai dummy ko baatene ke bhi paisi diye naya address ke paise alag se aur to aur hawker agar booking ki hui copy ka hawker’s start coupan lata hai to uska bhi alag se commission jane diziye hawker’s saath denge mein is mail ke madhaym se hawker’s union se darkhawast karta hoon ki santi banye rakhe akhbar launch hone de bhaskar parivar mein der hai andher nahin khoob paise daiti hai hawker’s ko meri subh kamnayein bhaskar parivar ko aur ranchi ke samast pathak gan ko jo is parivar se jut rahe hai

    jai bhaskar
    jai phatak gan
    jai hawker’s union

    subhchintak pathak
    amritsar,punjab

    Reply
  • BAHUT MUSKIL HAI MERE BHAI APNI MARZI KA AKHBAR CHALANA KYUNKI
    EK TARF AAP APNI MARZI KA AKHBAR CHALANA CHAH RAHE HAIN DUSRI TARAF AKHBAR NAHIN AANDOLAN HAI………..
    JARA SAMBHAL KAR SAMPADAK JEE…………………………….

    Reply
  • rajesh tomar says:

    भास्कर रांची से शुरू हो रहा है, स्वागत है. पर मैं इसी अख़बार के एक और चरित्र के बारे में बताना चाहूँगा. लगभग ४ महीने पहले इस अख़बार के लिए विभिन्न पदों पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन निकले गए. कई जिलों से आवेदन पड़े. पर आप पता करें कोडरमा, हजारीबाग, चतरा, बोकारो, गिरिडीह या फिर अन्य जिलों में अख़बार के लिए किसे बुलाया गया, जिनके पास पैरवी थी या फिर जो कुलीन वर्ग से आते हैं. मैं सिर्फ एक उदहारण दे रहा हूँ, कोडरमा जिले से दो लोगों का चयन किया गया, एक श्री पाण्डेय तो दुसरे श्री ओझा. क्या अन्य सभी जो रांची बुलाये गए थे वे इनसे किसी भी मामले में लेखनी में उन्नीस हैं. पता कर के देखिये आखिर पैरवी से इनकी नियुक्ति कैसे हुई. जो श्री ओझा जी रिपोर्टर बनाये गए हैं, एक लाइन भी शुद्ध लिख सकते हैं. हरियाणा ससे झारखण्ड भेजे गए संपादक श्री गौर जी से मैं सिर्फ यही कहना चाहूँगा की जातिवाद ने ही इस देश का नुक्सान किया है, पत्रकारिता से तो इसे अलग ही रखें. आप जैसे लोग काफी सीनियर और ऊँचे पद पर हैं, इस पेशे को (अब समाज सेवा की भावना तो रही नहीं, और भास्कर भी बिजनेस करने आया है) जातिवाद और पैरवी से दूर रखें. प्रतिभा को मौका देंगे तो समाज का भला हो सकेगा.
    -राजेश तोमर, झारखण्ड का एक पत्रकार

    Reply
  • Naresh kumar says:

    भास्कर के रांची प्रकाशन पर भास्कर ग्रुप को बधाई .. वह दिन दूर नहीं जब भास्कर देश के कोने कोने में अपनी खबरों के माध्यम से जाग्रति पैदा करके लोगो को जागरूक करेगा

    Congratulations on the publication Ranchi Express Group of India .. The day is not far when India every corner of the country by creating awareness through their reports will educate people

    Reply
  • written by surinder singh, August 19, 2010

    aj ka yug hai competition ka hai marketing ka funda apnane me kisi had tak gir jana ho wo bhi chalta hai rahi baat hawker’s ki to jaroor bhaskar ne ye scheme punjab mein chali thi jiska use dusre rajyon mein bhi apnana par raha hai ek baar in hawker’s ko khoon chatta do to inko hamesa adhik khoon ki chahat hoti hai jaisa ki punjab mein hua yaha launching mein hawker’s ko kya kya nahi diya par ye jaat hi aisi hai ki inhe khana hi nahi aata icecream chamach se khani hoti hai to ye pore haat dal kar khate hai yahan to commission bahoot mil raha hai dummy ko baatene ke bhi paisi diye naya address ke paise alag se aur to aur hawker agar booking ki hui copy ka hawker’s start coupan lata hai to uska bhi alag se commission jane diziye hawker’s saath denge mein is mail ke madhaym se hawker’s union se darkhawast karta hoon ki santi banye rakhe akhbar launch hone de bhaskar parivar mein der hai andher nahin khoob paise daiti hai hawker’s ko meri subh kamnayein bhaskar parivar ko aur ranchi ke samast pathak gan ko jo is parivar se jut rahe hai

    jai bhaskar
    jai phatak gan
    jai hawker’s union

    subhchintak pathak
    asansol, west bengal

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *