‘हत्या हुई तो जिम्मेदार सरोज अवस्थी, आनंद शर्मा व विष्णु त्रिपाठी होंगे’

सेवामें, पुलिस महानिरीक्षक/ उप-महानिरीक्षक, आगरा,  विषय- मेरी व मेरे परिवार के जानमाल की सुरक्षा व्यवस्था अविलम्ब सुनिश्चित कराने हेतु… महोदय, सूचनार्थ व आवश्यक कार्रवाई हेतु निवेदन है कि प्रार्थी सन 1976 से पत्रकारिता से जुडा है। विगत 1987 से अब तक लगभग 24 साल से दैनिक जागरण में क्राइम रिपोर्टर, चीफ रिपोर्टर, डेस्क इंचार्ज, संपादकीय प्रभारी और डिप्टी न्यूज एडिटर जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्यरत रहा है।

विष्णुजी, आप खुद को महान सिद्ध करने के लिए दूसरों को नाकारा घोषित करने के आदी हो चुके हैं

श्रीयुत विष्णु जी, प्रणाम। This is in connection to the lengthy telephonic discussion held with you on 15th Aug’10.I was under the deep toxic impact of the high narcotic dose given to me by people plotting a conspiracy against me so I could not respond back to you and since then I am still under going the toxic effect and long illness.

ऐसे पत्रकारों को बर्खास्त कर देना चाहिए

दैनिक जागरण, आगरा में इस कदर घोर अव्यवस्था? क्या कोई देखने-सुनने वाला नहीं है? चाहे जो छाप दो, किसी का घर-परिवार उजड़े, रोए, दुखी हो तो होता रहे?? लग तो ऐसा ही रहा है. यकीन न हो तो प्रियंका नामक एक महिला का भेजा गया यह पत्र और पत्र में उल्लखित दो खबरें जो जागरण, आगरा में प्रकाशित हुई हैं, पढ़ लीजिए. देश का नंबर एक अखबार कह कर खुद की पीठ थपथपाने वाले जागरण के लोग अगर अपने पास आई किन्हीं सूचनाओं-चर्चाओं को बिना पुष्ट किए प्रकाशित कर देते हैं और उससे कोई परिवार तबाही की तरफ अग्रसर हो जाता है तो भगवान इस अखबार व इसके लोगों को माफ नहीं करेगा. देर-सबेर इन्हें इसका दंड इसी धरती पर मिलेगा.

दैनिक जागरण, मेरठ व आगरा में बदलाव

आनंद शर्मा संपादकीय प्रभारी : अवधेश माहेश्वरी चीफ रिपोर्टर : दैनिक जागरण में मैनेजरों से संपादकीय अलग करने की जो कवायद शुरू हुई है उसी के तहत खबर है कि दैनिक जागरण, आगरा का नया संपादकीय प्रभारी आनंद शर्मा को बनाया गया है. अभी तक सरोज अवस्थी जनरल मैनेजर के रूप में संपादकीय समेत सभी विभागों के हेड हुआ करते थे.