पीएसी के सामने 14 को पेश होंगे विनोद मेहता और मनु जोसेफ!

2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन मामले में जांच कार्य तेज करते हुए संसद की लोक लेखा समिति अगले कुछ हफ्ते में संभवत: प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव टीकेए नायर, कैबिनेट सचिव केएम चंद्रशेखर, केन्द्रीय जांच ब्यूरो के निदेशक एपी सिंह और कापरेरेट लाबीस्ट नीरा राडिया को तलब कर सकती है. भाजपा के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी की अध्यक्षता वाली समिति (पीएसी)  उन वरिष्ठ पत्रकारों को भी बुलाएगी जिनके नीरा राडिया के साथ बातचीत के टेप सार्वजनिक हुए हैं.

सीबीआई निदेशक 15 फरवरी को पीएसी के समक्ष पेश हो चुके हैं. सूत्रों ने बताया कि 31 मार्च से पहले उन्हें तलब किया जा सकता है क्योंकि तब तक जांच एजेंसी को पूर्व दूरसंचार मंत्री ए राजा के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दाखिल करना है. सूत्रों ने बताया कि आउटलुक पत्रिका के संपादक विनोद मेहता और ओपन पत्रिका के संपादक मनु जोसेफ को 14 मार्च को पेश होने के लिए पीएसी ने कहा है. इन दोनों पत्रिकाओं ने हाल ही में नीरा राडिया की विभिन्न प्रभावशाली राजनेताओं, उद्योगपतियों और पत्रकारों से हुई बातचीत का ब्यौरा प्रकाशित किया था. यह बातचीत संप्रग-2 सरकार के 2009 में गठन के समय ए राजा को दूरसंचार मंत्री बनाने के संबंध में थी.

समिति विवादास्पद 2-जी स्पेक्ट्रम आटन के मामले में प्रधानमंत्री कार्यालय की भूमिका की भी जांच कर सकती है. भारत के नियंत्रक एवं महा लेखापरीक्षक (सीएजी) ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि 2-जी स्पेक्ट्रम आबंटन में हुई अनियमितताओं के फलस्वरूप सरकार को 1.76 लाख करोड़ रूपये का चूना लगा है.

नायर और चंद्रशेखर को इसी सिलसिले में स्‍पष्‍टीकरण के लिए बुलाया जा सकता है और उनसे वित्‍त मंत्रालय, दूरसंचान विभाग और प्रधानमंत्री कार्यालय के बीच हुए संवाद के बारे में सवाल-जवाब किया जा सकता है. सूत्रों ने कहा कि तत्‍कालीन वित्‍त सचिव (मौजूदा रिजर्व बैंक गवर्नर) डी सुब्‍बाराव का नजरिया जानने के बाद जरूरी हो गया है कि कैबिनेट सचिव ओर प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव की राय जानी जाए. जनवरी 2008 में जब 2-जी स्‍पेक्‍ट्रम आबंटन किया गया था, सुब्‍बा राव वित्‍त सचिव थे. से पीएसी के समाने तीन फरवरी को पेश हुए थे.

सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हलफनामें में सरकार ने कहा है कि 2-जी स्‍पेक्‍ट्रम आबंटन के मुद्दे पर वित्‍त सचिव ने प्रवेश शुल्‍क को लेकर 27 नवम्‍बर 2007 को कई सवाल उठाए थे. नवम्‍बर 2007 में दूरसंचार सचिव ने उसका जवाब दिया था. सुब्‍बाराव जब पीएसी के सामने पेश हुए थे, उनसे पूछा गया था कि 2-जी स्‍पेक्‍ट्रम आबंटन से जुड़ी फाइल क्‍या बंद कर दी गई थी क्‍योंकि आगे और कोई पत्राचार नहीं हुआ. समझा जाता है कि इस पर सुब्‍बाराव ने ‘नहीं’ में जवाब दिया था.

सूत्रों ने बताया कि पीएसी की ओर से तलब किए जाने वाले लोगों में नीरा राडिया और वरिष्‍ठ पत्रकार शामिल हैं, जिनके नाम राडिया टेप में आए. उन्‍हें दो हफ्ते में पीएसी तलब कर सकती है. सीबीआई प्रमुख एपी सिंह ने अपनी पहली पेशी में समिति को भरोसा दिया था कि वे और जानकारी जुटाएंगे. साभार : भाषा

अपने मोबाइल पर भड़ास की खबरें पाएं. इसके लिए Telegram एप्प इंस्टाल कर यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *