हिन्दुस्तान बदायूं से खबर है कि यहां नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ धरना दे रहे व्यापारियों में हिन्दुस्तान के प्रति उस समय रोष फैल गया जब फोटो खींचने गये अखबार के एक फोटोग्राफर ने व्यापारियों से एक हजार रुपये की मांग कर डाली। गुस्साए व्यापारियों ने फोटोग्राफर को वहां से भगा दिया और हिन्दुस्तान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
व्यापारी हिन्दुस्तान की प्रतियां भी फूंकने वाले थे, लेकिन आपसी सहमति के बाद यह टाल दिया गया। हिन्दुस्तान के कर्मचारियों की इस कारगुजारियों से व्यापारियों में जबर्दस्त रोष है। हुआ यह कि नगर पालिका द्वारा नालों की सफाई न किये जाने के विरोध में तमाम व्यापारी राष्ट्रवादी उद्योग व्यापार मण्डल के बैनर तले मालवीय आवास गृह पर धरना व अनशन कर रहे हैं। हिन्दुस्तान में अन्य अखबारों की तुलना में इन व्यापारियों को कम फुटेज दी जा रही है जबकि चेयरमैन को किसी न किसी बहाने से रोजाना छापा जा रहा है।

व्यापारियों का कहना है कि हिन्दुस्तान के रिपोर्टर और फोटोग्राफर का चेयरमैन से महीना बंधा है तथा वह अखबार की नौकरी कम तथा चेयरमैन की नौकरी ज्यादा कर रहे हैं। शुक्रवार को हिन्दुस्तान का एक फोटोग्राफर अनशन की कवरेज करने गया तथा व्यापारियों से एक हजार रुपये की मांग की। व्यापारियों ने जब फोन से इसकी शिकायत ब्यूरोचीफ से की तो उन्होंने भी कह दिया कि व्यापारी हो तो अखबार वालों का ख्याल रखा करो। इस पर व्यापारी खफा हो गये और फोटोग्राफर को गाली देकर वहां से भगा दिया और हिन्दुस्तान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। व्यापारी अखबार की प्रतियां भी फूंकने वाले थे लेकिन बाद में यह विचार स्थगित कर दिया गया। इस खबर की आज शहर में व्यापक चर्चा रही।
बदायूं से बीपी गौतम की रिपोर्ट.












Harishankar Shahi
August 6, 2011 at 6:07 am
हा हा हा, अब पत्रकार वह भी जिले में ऐसी वसूली और दबंगई ना करें तब साथी पत्रकार लोग उसका मजाक उड़ाते हैं. साथ ही उसे पत्रकार नहीं मानते हैं. अब तो हर जिले में होड लगी है कि कौन कहाँ से महीना बाँध लेता है या कौन कितना किस अधिकारी को झुका लेता है. बस अब यही परिपाटी चल निकली है.