कोडरमा से खबर आ रही है कि झारखण्ड की रहने वाली और दिल्ली में बिजनेस स्टैंडर्ड अखबार में कार्यरत रही पत्रकार निरुपमा पाठक की हत्याकांड की जांच पुलिस ने पूरी कर ली है. कोडरमा पुलिस ने अपनी जांच में निरुपमा पाठक की मौत को सुसाइड मान लिया है. साथ ही यह भी कहा है कि निरुपमा को उसके प्रेमी और परिजनों ने सुसाइड के लिए उकसाया था. पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि निरुपमा को आत्महत्या के लिए विवश किया गया था.
पुलिस की जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि निरुपमा को आत्महत्या के लिए प्रेरित-उत्प्रेरित करने में उसके प्रेमी प्रियभांशु रंजन, मां सुधा पाठक, पिता धर्मेद्र पाठक, भाई समरेंद्र पाठक व सलिल पाठक शामिल थे. कोडरमा पुलिस ने अदालत में दाखिल अपनी जांच रिपोर्ट के आधार पर इन सभी को दोषी करार देते हुए इनके खिलाफ वारंट जारी करने की मांग की है. हत्याकांड की जांच में आये इस नए मोड़ से निरुपमा के प्रेमी समेत परिजनों की परेशानी बढ़ गयी है. पुलिस ने इन सभी को दोषी करार दिया है इससे इन लोगों को कोर्ट कचहरी का लंबा चक्कर लगाने के साथ-साथ भावी जीवन भी दांव पर लग चुका है.
हां, वारंट जारी होने की स्थित में निरुपमा की मां सुधा पाठक को छूट मिल सकती है क्योंकि वे इसी मामले में तीन महीने तक जेल में बंद रहीं हैं और इन दिनों वो जमानत पर हैं. कोडरमा के एसपी जी. क्रांति कुमार ने पुलिस जांच पूरी होने और निरुपमा को आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का आरोप सभी परिजनों व प्रेमी पर लागू होने की बात कुबूल की है. एसपी ने कहा है कि पुलिस ने वारंट की मांग की है और वारंट मिलते ही इन सबसे पूछताछ की जाएगी. एसपी ने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा.












Abhishek sharma
March 2, 2011 at 12:45 pm
aaj to bechare priybhanshu ka b day hai.