जागरण के प्रसार विभाग में बड़ा घोटाला!

: जांच शुरू, छोटे कर्मचारी को बलि का बकरा बनाया गया : जागरण में फर्जीवाड़े से शेयर धारकों के हिस्से को गोलमाल करने में यदि प्रबंधन बोर्ड के सदस्य पीछे नहीं हैं तो अधिकारी और कर्मचारी भी कोई मौका नहीं चूकना चाहते हैं। जाहिर है कि इस तरह से सीधे-सीधे कंपनी की बैलेंसशीट में लाभ दर्ज होने की बजाए यह मुनाफा प्रबंधन बोर्ड, अधिकारियों और कर्मचारियों की जेब में जा रहा है। गोलमाल के इस खेल में कंपनी के खर्च कई गुणा दिखाए जाते हैं, जो शेयर धारकों को मिलने वाले लाभ से दिए जाते हैं। जबकि हेराफेरी से मिलने वाला लाभ चंद व्यक्तियों की निजी जेब में जा रहा है। इस बार जागरण के प्रसार विभाग में लाइंग टैक्सियों की आड़ में किया जा रहा बड़ा घोटाला सामने आया है। फिलहाल इसकी आंच नोएडा तक ही सीमित है, लेकिन सूत्रों से पता चला है कि यह खेल नोएडा से जम्मू तक कई सालों से चल रहा था। इसकी जानकारी कानपुर तक जा पहुंची है और वहां से भी हलचल शुरू हो गई है। इस घटनाक्रम के मद्देनजर आने वाले समय में कोई बड़ा फेरबदल भी दैनिक जागरण में देखने को मिल सकता है।

जागरण ने चोरी का माल लाठियों के गज बेचा

[caption id="attachment_17821" align="alignleft" width="99"]राकेश शर्माराकेश शर्मा[/caption]दोस्तों, दैनिक जागरण में पेड न्यूज छपने का लोकसभा चुनाव का किस्सा तो आपको मालूम हो ही चुका है, अब विधानसभा चुनाव की हकीकत से भी आपको रूबरू करा देता हूं। सीमित दिनों में अधिक से अधिक माल बटोरने के लिए संघर्षरत प्रबंधन के हितैषियों के माध्यम से विधानसभा चुनाव में चोरी का माल, लाठियों के गज के मुहावरे को पूरी तरह से चरितार्थ होते मैंने खुद देखा।

फजीहत के बाद भी नहीं सुधरे जागरण के मालिक

[caption id="attachment_17759" align="alignleft" width="85"]राकेश शर्माराकेश शर्मा[/caption]: अंत में कांग्रेस प्रत्याशी नवीन जिंदल ने कहा कि संजय जी से बात हुई है, वैश्विक वित्तीय संकट की मार झेल रही कंपनी को मैं कुछ न कुछ मदद जरूर करूंगा : नकारात्मक समाचारों की जब हद हो गई तो अवतार भड़ाना की पत्नी ने फोन मिलाकर संजय गुप्ता जी की ऐसी-तैसी कर दी : चेतन शर्मा बोले कि जागरण के कार्यक्रमों में बिना कोई पैसा लिए शामिल होता हूं तो जागरण को चुनाव कवरेज के लिए पैसे क्यों दूं? :