सहारा के संपादक और ब्‍यूरोचीफ भिड़े, नौबत पहुंची हाथापाई तक

देहरादून। लगता है राष्ट्रीय सहारा के स्थानीय संपादक का विवादों के साथ चोली दामन का साथ है। ताजा मामले में तो सारी हदें ही पार हो गई। खबर रिपीट होने से उपजा विवाद इतना बढ़ा कि मामला हाथापाई तक पहुंच गया। बताते हैं कि भरी मीटिंग में हुए विवाद में संपादक एलएन शीतल, ब्यूरो चीफ अमरनाथ पर ऐसे उखड़े कि उन्होंने संपादक की गरिमा का भी खयाल नहीं रखा और अपने ही ब्यूरो चीफ पर हाथ उठाने के लिए अपनी सीट से खड़े हो गए।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि सिटी इंचार्च तथा कुछ और लोगों ने बीच बचाव न किया होता तो लात-घूंसे चल जाते। संपादकीय कक्ष के अखाड़े में तब्दील होने से सहारा के कार्यालय में हड़कंप मचा हुआ है। इस पूरे घटनाक्रम में अब वे लोग पिस रहे हैं, जो खुदको तटस्थ रखने की कोशिश कर रहे हैं। उधर, संपादक और ब्यूरो चीफ दोनों ने नोएडा मुख्यालय में अपने संपादकीय प्रमुखों से शिकायत की है। मामले की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि संपादक शीतल के खिलाफ लिखित शिकायत करने वाले ब्यूरो चीफ अमरनाथ को तत्काल नोएडा तलब कर लिया गया है। इधर, सूत्र बताते हैं कि सहारा में संपादक ने संपादकीय सहयोगियों को अपने पक्ष में करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है।

मामला तीस दिसम्बर को सहारा में एक खबर के सिटी और ब्यूरो डेस्क से रिपीट होने के चलते घटित हुआ। हुआ ऐसा कि देहरादून में चकराता रोड के चौड़ीकरण को लेकर नगर विकास मंत्री मदन कौशिक ने विधानसभा कक्ष में अधिकारियों के साथ बैठक की। नगर विकास विभाग की ओर से इस खबर का प्रेस नोट अखबारों के आफिस तक पहुंचाया गया। इसी क्रम में सहारा को भी खबर फैक्स की गई। बताया जाता है कि प्रेस नोट सहारा के सिटी और ब्यूरो डेस्क को अलग-अलग भेजी गई। इसके चलते इस प्रेस नोट पर ब्यूरो डेस्क और सिटी डेस्क, दोनों ने खबर लिख मारी। इस तरह एक ही प्रेस नोट सहारा में दो पृठों पर छप गया। इसी को लेकर तीस दिसम्बर को रूटीन मीटिंग में संपादक एनएन शीतल और ब्यूरो चीफ के मध्य विवाद गहरा गया। बताया जाता कि ब्यूरो चीफ ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि चूंकि खबर ब्यूरो डेस्क से ताल्लुक रखती थी, इसलिए खबर तैयार करना उनके डेस्क की जिम्मेदारी थी, सो उन्होंने खबर तैयार करवा दी। उधर सिटी डेस्क ने भी मामला सड़क चौड़ीकरण का होने के चलते सिटी के अधिकार क्षेत्र में होने की बात कही।

बताया जाता है कि ब्यूरो चीफ ने इस पर को-आर्डिनेशन डेस्क को इसके लिए जिम्मेदार बताते हुए अपना बचाव किया। इसको लेकर हो रही गरमा-गरमी के बीच एकाएक विवाद इतना बढ़ा कि संपादक और ब्यूरो चीफ आमने-सामने आ गए। बताया जाता है कि संपादक अपने ब्यूरो चीफ पर हाथ उठाने तक के लिए अपनी सीट से खड़े हो गए। इस बीच सिटी इंजार्ज और दूसरे लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया। सहारा के अंदरूनी सूत्र बताते हैं इस पूरे मामले की जड़ सहारा में चल रही गुटबाजी है।

सूत्र बताते हैं कि ब्यूरो चीफ पिछले काफी समय से संपादक के निशाने पर रहे हैं। कुछ दिन पहले प़त्रकारों के मध्य बीट बंटवारे और कुछ सहयोगियों को सिटी से ब्यूरो डेस्क में रखने को लेकर भी दोनों में ठन गई थी। बताया जाता है कि जब यह विवाद हो रहा था तब सहारा के यूनिट मैनेजर भी संयोग से वहां मौजूद थे। मामला नोएडा मुख्यालय तक पहुंचने से माना जा रहा है कि किसी एक पर इसकी गाज गिर सकती है। बता दें कि सहारा के स्थानीय संपादक एलएन शीतल का विवादों से गहरा नाता रहा है। कुछ साल पहले देहरादून में ही अमर उजाला का संपादक रहते हुए उनके खिलाफ एक कॉलोनी के बाशिंदों ने उन पर दादागिरी का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक के कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किए थे। तब विवाद गहराने से अमर उजाला ने शीतल से छुटकारा पा लिया था। देहरादून में शीतल की यह दूसरी पारी है, लेकिन विवाद हैं कि उनका पीछा नहीं छोड़ते।

देहरादून से दीपक आजाद की रिपोर्ट.

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Comments on “सहारा के संपादक और ब्‍यूरोचीफ भिड़े, नौबत पहुंची हाथापाई तक

  • Dipak bhai is pradesh ko patrkaar mukhyamantri se bachao. patrkaar mukhyamantri Nishank ne bade akhbaron ke resident editor ko dalal bana diya hai. Sahara ke Shital ne jo kuch kiya vo isi dalali ka karan hai. yahi haal Hindustan ke resident edito Dinesh Pathk ka bhi hai.

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  • L.N. Shital hi nahi uttarakhand ki imandaar patrkarita ko Hindustan ke resident editor Dinesh Pathak aur Amar Ujala ke resident editor Nisheeth Joshi ne bhi sharmsaar kiya hai. tino patrkarita se ittar dalali me lipt hain. Pathak ki pahchan to All is well in uttarakhand ke roop me hoti hai. ye mahashya c.m Nishank ki chamchagiri me puri tarh lipt hain. patrkarita me stylish lenden mw inka saani nahi hai. yahi haal Joshi sahab ka bhi hai. jaminon me kabje karane ke theke utha rahe hain.
    Depak bhatt ji in bemanon ko aap hi benakab kar sakte hain.

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  • mini mem aap ln shital ke rishtedar hai na, isliye aap ye keh sakti hai. ye mamla ek sansthan ke do wristoin ka hai, jahain kisi mudde par garmagarmi ho sakti hai. aap dono abhi bachche hai aur aapke priya uncle ko bhi shayad ye bat pata nahi ki jab bhi ease batein ek cabin se bahar jate hai ye us incharge ke khami ko hi ujagar karte hai. isse to yahi sabit hota hai ke sampadak pure tarah nakamyab rahe jo unhone is bat par top level ke dakhalaandagi chahe. ab narayan je aapne kaha…deepak bhai patkroo kay pichay kyin padh gaya ho jab koi aap kay pich pad gaya to kya hogaa koi ki aap bhi lall salam walay ho news thik thi par aap ko jis sahra vani nay batay us ka kya hogaa ab is ki bhi jacha shuru ho gayi hai …[i]….jante hai aapne aanjane mai he apni pol khol di ke aap narayan nahi koe aur hai. jab band kamre mai bat ho rahe thi to aapne kese jana. yani ab aapka agla nishane vo patrakar hai? kya usse bhe amarnath ke tarah he jan se marne ke koshish karoge. tum dhamki de rahe ho aur tumhere becheni bata rahe hai ki tum bhi sahara wale he ho. wease maine suna hai ke jab se shital aaye hai tabhi se beauro head nishne par hai.karan sirf ye hai ke vo dalali karna nahi janta. shital ne shuru mai jab ladkiyoin ke sath badtamiji ki, ya jab-jad bhi kisi nirdosh ko pratadit kiya to usne uase dhadhus badhaya…kya vo aadmi badtameez ho sakta hai ya sansthan ka hiteshi. maine suna hai us aadmi ne pichle 8-9 mahine se chutti nahi li. roj 18 se 20 ghate ek sansthal ke paltu kutte ki tarah bhukha-pyasa betha rehta hai, use aaj aap tan man se kisi adikari ke sewa karne wala keh rahe hai. aareeee mai to bhul he gaya tha ki aap to mini hai na, yani ek ladki, jab aap keh rahe hai to aapka personal experiance hoga.

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  • mini mem aap ln shital ke rishtedar hai na, isliye aap ye keh sakti hai. ye mamla ek sansthan ke do wristoin ka hai, jahain kisi mudde par garmagarmi ho sakti hai. aap dono abhi bachche hai aur aapke priya uncle ko bhi shayad ye bat pata nahi ki jab bhi ease batein ek cabin se bahar jate hai ye us incharge ke khami ko hi ujagar karte hai. isse to yahi sabit hota hai ke sampadak pure tarah nakamyab rahe jo unhone is bat par top level ke dakhalaandagi chahe. ab narayan je aapne kaha…deepak bhai patkroo kay pichay kyin padh gaya ho jab koi aap kay pich pad gaya to kya hogaa koi ki aap bhi lall salam walay ho news thik thi par aap ko jis sahra vani nay batay us ka kya hogaa ab is ki bhi jacha shuru ho gayi hai …[i]….jante hai aapne aanjane mai he apni pol khol di ke aap narayan nahi koe aur hai. jab band kamre mai bat ho rahe thi to aapne kese jana. yani ab aapka agla nishane vo patrakar hai? kya usse bhe amarnath ke tarah he jan se marne ke koshish karoge. tum dhamki de rahe ho aur tumhere becheni bata rahe hai ki tum bhi sahara wale he ho. wease maine suna hai ke jab se shital aaye hai tabhi se beauro head nishne par hai.karan sirf ye hai ke vo dalali karna nahi janta. shital ne shuru mai jab ladkiyoin ke sath badtamiji ki, ya jab-jad bhi kisi nirdosh ko pratadit kiya to usne uase dhadhus badhaya…kya vo aadmi badtameez ho sakta hai ya sansthan ka hiteshi. maine suna hai us aadmi ne pichle 8-9 mahine se chutti nahi li. roj 18 se 20 ghate ek sansthal ke paltu kutte ki tarah bhukha-pyasa betha rehta hai, use aaj aap tan man se kisi adikari ke sewa karne wala keh rahe hai. aareeee mai to bhul he gaya tha ki aap to mini hai na, yani ek ladki, jab aap keh rahe hai to aapka personal experiance hoga.

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  • एल एन शीतल वो चोर है जिसने अमरउजाला देहरादून में रहते हुए कांग्रेस के एक नेता से २७ लाख का फ्लैट रिश्वत मैं लिया था मन्दाकिनी विहार सहस्त्रधारा रोड पर इसके अलावा वो तो १ न का धन्देबज़ है जैसा की देहरादून मैं तैनात हिंदुस्तान का संपादक है जीना मकसद केवल पैसा कमाना है पत्रकारिता से इनका कोई लेना देदा नहीं इन दूनो की सम्पति की तो जाँच होनी चाहिए की सतना कला धन कहाँ से कमाया दोनों आब्बल दर्जे की चोर है

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  • Sahara pariwar ke liye vivad (contovercies) me aana behtar hota hai. Ab Shital saheb ka koi bigad nahi sakta hai. Rashtriya Sahara patna me isase bhi bhayank esthati thi aur hai per kucch nahi bigda. vivad me aane ke bad dono ki esthati behtar hai. Isliye shital saheb aur bureau pramukh aap tarakki ka intajar kijiye. Jo vivad me nahi aaya wo imandar worker bhi kuntha me din kat raha hai.

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  • Raman Singh says:

    सहारा में इन दिनों यह गड़बड़ खूब चल रही है. अच्छे लोगों को बाहर निकालने के लिए कुछ भी षडयंत्र किया जा रहा है. यह पूरे के पूरे सहारा नेटवर्क मेंं हो रहा है. सहारा समय भी पूरी तरह बर्बाद हो गया है और राष्ट्रीय सहारा तो कभी आबाद था ही नहीं. जैसे तैसे एलएन शीतल जी जैसा व्यक्ति इनके हिस्से आया था, लेकिन षडयंत्रकारियों ने उन्हें भी खदेडऩे की तैयारी कर डाली. वैसे भी जब हर डाल पे उल्लू बैठे हो तो कोई एक रखवाली नहीं कर सकता. एलएन शीतल जी या उनके जैसे कुछ और लोग सहारा समूह के लिए संपत्तियां हैं लेकिन षडयंत्रकारियों की दाल इन लोगों के कारण इन दिनों कुछ कम गल रहीं हैं. मीटिंगों में बहस होना आम बात है, लेकिन इस बात को तूल दिया ही केवल इसलिए जा रहा है, क्योंकि यह बवंडर सभी को दिखाना है. एलएन शीतल वह व्यक्ति हैं जिन्होंने ग्वालियर में दैनिक भास्कर को जमाया. उसे जन-जन तक पहुंचाया. मध्यप्रदेश में यदि नवभारत कुछ समय बाद बर्बाद हुआ तो केवल इसलिए कि आखिर वक्त तक एलएन शीतल वहां रहे. उन्होंने अपने साथियों को बीच मझधार में नहीं छोड़ा. वो हमेशा कोशिश करते हैं कि अच्छे काम करने वालों की टीम बने, लेकिन हर बार अधिकारियों से नोटों का बंडल लेने वाले पत्रकारिता के दलाल उन्हें किसी न किसी बवण्डर में फंसा ही देते हैं. चूंकि वो स्पष्टवादी हैं, भ्रष्ट नहीं हैं तो गुण्डागर्दी का आरोप लगाते हैं. कोई बात नहीं शीतल जी, आपको ऐसे मामलों से पूरी जिन्दगी दोचार होते रहना पड़ेगा. या तो आप इन पत्रकारिता के दलालों में शामिल हो जाओ या फिर बार-बार शहादत के लिए तैयार रहो.

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  • mini sharma, je aap kya chacha bhatija wala rishta nibha rahe hai ya kuch aur.aapko kesse pata ki phalain aadmi kisi ki.aur jyada jankari duin ya itne mai he samajh jayega.sawal ye nahi hai ki koun keasa hai, sawal ye uthta hai ke bada pad hame badtamiji karna sikhata hai ya kisi galat bat par shantipurna tareke se apne adhinast ko samjhana hota hai ya hath-per chalana. bat ek patkar ke man-samman ke ho rahi hai, yadi har bat ease he chirkut log ek gambher mudde ko easy tarike se leinge to lanat hai ease peshe par.aaj sabhi patrakar bhae aur behno ko ekjut hoker is gambeer mudde ke khilaf ekjut hona hoga.warna har bar ek amarnath jeasa kalamkar dhakeyaya jayega ya mout ke ghat utar diya jayega.

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  • mini sharma, je aap kya chacha bhatija wala rishta nibha rahe hai ya kuch aur.aapko kesse pata ki phalain aadmi kisi ki.aur jyada jankari duin ya itne mai he samajh jayega.sawal ye nahi hai ki koun keasa hai, sawal ye uthta hai ke bada pad hame badtamiji karna sikhata hai ya kisi galat bat par shantipurna tareke se apne adhinast ko samjhana hota hai ya hath-per chalana. bat ek patkar ke man-samman ke ho rahi hai, yadi har bat ease he chirkut log ek gambher mudde ko easy tarike se leinge to lanat hai ease peshe par.aaj sabhi patrakar bhae aur behno ko ekjut hoker is gambeer mudde ke khilaf ekjut hona hoga.warna har bar ek amarnath jeasa kalamkar dhakeyaya jayega ya mout ke ghat utar diya jayega.

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  • ln shetal, aare vo phir pahuinch gaya uk. yaswant bhae mai ye bata duin yadi chapte chehre wala ye weakti yadi dun pahuin gaya hai to itna to tay hai ye kae logoin ke nowri lega. jab ye amarujala mai tha tabhi se balawala ke ek jameen par iske najar hai. isme bade bade bhu mafia, hotelers aur congresy neta shamil hai.ye aaya bhi hoga to isiliye. sahara ke nowkri mai din gujarna iska maksad nahi ho sakta. ye to bus dhandebazi ke leye aaya hai. is mamle ki yadi janch ho jaye to aabhi sach ka sach samne aa jayega. aur churu se iske aadat rahi hai ye apne kam mai aandga dalne wale ki nowkri khaker hi rehta hai.

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  • राष्ट्रीय सहारा का प्रबंधन पागल हो गया है तभी तो उसने अपने देहरादून संस्करण में एल एन शीतल को स्थानीय सम्पादक बनाकर भेजा है इसकी हरकतों के कारण ही अमर उजाला प्रबंधन ने शीतल को लात मारकर बाहर निकला था अब यह यह शीतल सहारा का बैंड बजाने की तैयारी कर रहा है /उधम सिंह नगर में राष्ट्रीय सहारा के जिला संवाददाता के रूप में फ़िलहाल एस पी अरोरा काम कर रहे है ,इन महाशय के खिलाफ एक व्यापारी ने अवेध वसूली का मुकदमा रुद्रपुर कोतवाली में मुकदमा कराया था /इसके अलावा एक ठेकेदार ने भी अरोरा के खिलाफ रंगदारी का मुकदमा दर्ज कराया था /सूत्रों के मुताबिक इस मामले में अदालत ने अरोरा के खिलाफ वारंट भी जारी कर दिये है/इसके बाद भी सहारा प्रबंधन ने अरोरा को हटाया नहीं अलबत्ता अब सहारा ने यहाँ एक नयी नियुक्ति कर दी हैयह महाशय है फणीन्द्र गुप्ता ,यह सहारा में आने से पहले अमर उजाला रुद्रपुर के जिला प्रभारी थे /अपने कार्यकाल के दोरान इन्होने जम कर अंधेरगर्दी मचाई और मोटे नोट कमाए /इस कारण जब जाँच हुयी तो यह दोषी पाए गए और अमर उजाला ने इन्हें लात मारकर बाहर निकल दिया /पर जब शीतल सहारा के स्थानीय संपादक बनकर आये तो फणीन्द्र गुप्ता की भी सहारा में एंट्री हो गयी |दरअसल शीतल और फणीन्द्र गुप्ता की पुराणी जन पहचान है और वो अपने जैसे भ्रस्ताचारियो को सहारा में लाने में जुटे हुए है, ताकि उनके लाये लोग सहारा के नाम पर जमकर लूटपाट करे और उन्हें भी काली कमाई का हिस्सा दे |वैसे सहारा को क्या मुकाम सुब्रत राय या उपेन्द्र राय देना चाहते है, यह तो वो ही जाने पर शीतल या फणीन्द्र जैसे लोग सहारा का बेडागर्क ही करेंगे /

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  • dehradun mai jo beauro paramukh hai vo mere kaphi purane mitra hai. vo sunday mail kolkata ke star reporter rahe hai. unke sath 1990 ke dashak mai kam kiya hai. behad imandar aur jujharu patrakar hai. kareeb 2 sal pehle jab bjp Beat mile the uske do din bad he un par janlewa hamla hua aur ye khabar PTI ke jariye mile to unse bat hue the. tab unhone kaha tha ke chuky vo bahar ke hai aur bahar ka hoker BGP beat milna he kuch office ke varist logo ko ras nahi aa raha hai. is bat ki unhone report bhe darj kariye the aur office ke HR vibhag ko bhi suchit kiya tha. lekin sarkar aur prabhandhan ke dabaw mai sabi ne janch ko thande baste mai dal diya. mai is patra ke madhayam se manniya SAHARASHREE se request karna chahta hu ke ve is mamle ki janch kar is tarah ke santha verodhi logo ke khabar lein, taki sanstha ke concept SAHARA PARIWAR ke chabi dhumil na ho sake..

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  • narayan pargain says:

    deepak bhai patkroo kay pichay kyo padh gaya ho jab koi aap kay pich pad gaya to kya hogaa koi ki aap bhi lall salam walay ho news thik thi par aap ko jis sahra vani nay batay us ka kya hogaa ab is ki bhi jacha shuru ho gayi hai

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  • LN SHEETAL YADI BHOPAL WALE HAI TO YEH BATA DE KI INKA DAMAN KABHI SAAF NAHI RAHA …NAVBHARAT BHOPAL KI NAIYA MEI INHONE JI BHARKAR SURAKH KARE ………. USKE BAAD WAHAA SE LAAT MARKAR NIKAAL DIYE GAYE……….BHAVAN AISE LOGO SE PATRAKARITA JAISE PAVITRA PESHE ko BACHAYE……….

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  • LN SHEETAL YADI BHOPAL WALE HAI TO YEH BATA DE KI INKA DAMAN KABHI SAAF NAHI RAHA …NAVBHARAT BHOPAL KI NAIYA MEI INHONE JI BHARKAR SURAKH KARE ………. USKE BAAD WAHAA SE LAAT MARKAR NIKAAL DIYE GAYE……….BHAVAN AISE LOGO SE PATRAKARITA JAISE PAVITRA PESHE ko BACHAYE……….

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  • LN SHEETAL YADI BHOPAL WALE HAI TO YEH BATA DE KI INKA DAMAN KABHI SAAF NAHI RAHA …NAVBHARAT BHOPAL KI NAIYA MEI INHONE JI BHARKAR SURAKH KARE ………. USKE BAAD WAHAA SE LAAT MARKAR NIKAAL DIYE GAYE……….BHAVAN AISE LOGO SE PATRAKARITA JAISE PAVITRA PESHE ko BACHAYE……….

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  • Deepak jee kya Dehradun Rashtriya Sahara ke sampadak se aapke koe purani dushmani hai sayed..isliye sara ulta likha hai. sach too yeh hai kee Amarnath kisee bhee sampadak kee nahee sunte hain. apne se bada kisee ko nahee samajhte hain. Yaha tak suna hai kee unke upar noida kisee bade kaa haath hai. woo unkee Tan Man se sewa karte hain.

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