54 देशों में एक साथ प्रसारित होगा आलमी सहारा

: आज होगी चैनल की लांचिंग : राष्‍ट्रीय सहारा ने अपने पहले पन्‍ने पर विज्ञापन प्रकाशित किया है. जिसमें लिखा है – दुनिया भर के 54 देशों में एक साथ प्रसारित होने वाला पहला उर्दू न्‍यूज चैनल 24 घंटे रहें ताजा खबरों के साथ आज शाम 7 बजे. जिसमें बताया गया है कि अब सहारा ग्रुप का उर्दू चैनल आलमी सहारा भारत और उसके पड़ोसी देशों के अलावा एशिया महाद्वीप के बाहर के कई देशों में भी एक साथ प्रसारित किया जाएगा.

उल्‍लेखनीय है कि सहारा ने इसके लिए काफी पहले से अपनी तैयारी शुरू कर दी थी. अजीज बर्नी के संपादक रहने के समय से ही इस चैनल को लांच करने तथा अंतरराष्‍ट्रीय बनाने की कवायद शुरू कर दी गई थी. लेकिन कई बार यह प्रोजेक्‍ट विभिन्‍न कारणों से मूर्त रूप नहीं ले सका था. उपेंद्र राय ने अजीज बर्नी को इस चैनल से निपटाने के बाद इसके लांचिंग की जिम्‍मेदारी खुद देख रहे थे. चैनल की कमान उन्‍होंने वरिष्‍ठ पत्रकार एजाजू रहमान को दी थी. अजीज बर्नी के भर्ती किए हुए टीवी कर्मियों को अलग कर उन्‍होंने इसके लिए कई नई भर्तियां कीं.

उपेंद्र राय के नेतृत्‍व में ही आलमी सहारा को अंतरराष्‍ट्रीय बनाने की पूरी रणनीति तय की गई है. आज सायं 7 बजे से यह चैनल भारत, पाकिस्‍तान, नेपाल और बंग्‍लादेश के अलावा अफगानिस्‍तान, अर्मेनिया, ऑस्‍ट्रेलिया, अजरबेजान, बहरीन, भूटान, ब्रुनेई, कम्‍बोडिया, उत्‍तर कोरिया, ओमान, पापुआ न्‍यू गुनिया, फिलिपींस, कतर, रूस, सउदी अरब, सिंगापुर, थाईलैंड, वियतनाम, तजाकिस्‍तान, जार्जिया, हांगकांग, इंडोनेशिया, ईरान, इस्रायल, जापान, जार्डन, कजाकिस्‍तान, कुवैत, लाओस, मलेशिया, मालदीव, मंगोलिया, म्‍यांमार, नेपाल, किर्गिस्‍तान, उज्‍बेकिस्‍तान, तुर्कमेनिस्‍तान, इराक, संयुक्‍त अरब अमीरात, यमन, सीरिया, लेबनॉन, साइप्रस, तुर्की सहित कुल 54 देशों में एक साथ प्रसारित होगा. सूत्रों का कहना है कि आलमी सहारा में अंतरराष्‍ट्रीय खबरों को प्रमुखता दी जाएगी.

Comments on “54 देशों में एक साथ प्रसारित होगा आलमी सहारा

  • बिल्‍लू says:

    इन देशों की सूची में केवल चांद बाकी रह गया है।

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  • बिल्लू जी आखिर बिल्लू जैसी बात की ना आपने. दो सौ बीस देश हैं दुनिया में ….अभी तो 166 और नाम हैं फिर चाँद आएगा…..

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  • rajesh vajpayee jansandesh unnao says:

    well done sabbas upendra raiji always keep it up
    puri team ko badhai
    rajesh vajpayee jansandesh unnao

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  • urdu chanel launching ke din urdu ke editor in chief aziz burney mumbai mein kyaa ker rhe the?
    kyaa sahara ne aziz sahab ko side line dikha diyaa hai ?
    aakhir kyaa wajah thi ki burney ji apni kitab kaa mumbai mein vimochan ker rhe the too dusri taraf almi sahara urdu news channel launce ho rhaa thaa ,iss se hi andaza lagaya ja sakta hai ki urdu channel mein gair urdu wale havi hai urdu se wabusta log side line …….

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  • jhuth kaa pulinda hai alami sahara. jo list di gai hai vo jhut kaa pulinda hai. upendr ji ne to naam ke liye hi ek musalman ajaj rheman ko incharj banaya hai. jo bharti kii hai usme me bhi lamba ghotala kar bharti hui hai…..

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  • Umar Taiyabpuri says:

    Ye Sahara ke hi kaleje ki baat hai ki Urdu Ko thik usi tarah se apne sine se lagaya hai. Jaise koi apni matr bhasha ko. Bharat ka ek secular constitution tayar karne ke liye na jane kitne vidwano ko kitne dino kitni mathapachi karni padi. Aur Use saakaar karne ke prayas ab bhi jari hain. Phir bhi har jati, ilaqa aur majhab ke logon ko shikayat rahti hai. Lekin Sahara India Parivar ek private sanstha hote hue apne rashtra dharm ko jis tarah nibha raha hai uski misal India me aur kahin nahi milti. Hum ayese prayason ko is roop mein kion samajhne ka prayas nahin karte. Apne tuch vicharon ko vayakt karte hue logon ko is baat ka bhi dhyan nahin rahta ki shabd hi apka aina hote hain. Jai Hind Kahne ki himmat jutaiye.
    Umar Taiyabpuri

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