उठने से पहले ही शांत हो गईं ‘लहरें’

‘लहरें’ के चैनल हेड समेत 13 पत्रकारों का इस्तीफा,  इंडिया न्यूज से जुड़े : देश के पहले 24×7 बालीवुड न्यूज चैनल ‘लहरें’ ने लांच होने से पहले ही दम तोड़ दिया है। इस फिल्मी न्यूज चैनल के साथ दर्जनों लोग जुड़े लेकिन अब सभी इधर-उधर हो चुके हैं। ज्यादातर लोग अपने-अपने संस्थानों से इस्तीफा देकर इस नए न्यूज चैनल के साथ अपना भविष्य संवारने के लिए जुड़े थे। लेकिन मीडियाकर्मियों का भविष्य तब संवरता जब चैनल का अपना कोई भविष्य बन पाता। इस चैनल के साझीदारों के बीच झगड़े के चलते ‘लहरें’ की पूरी टीम को जाना पड़ा है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार ‘लहरें’ के ज्यादातर लोगों की छंटनी की जा चुकी है। जो लोग बचे, वे दो हिस्से में विभक्त हो गए हैं। करीब दर्जन भर लोग ‘लहरें’ की साझीदार कंपनी टीवी9 के साथ हो लिए हैं। वहीं एक दर्जन अन्य मीडियाकर्मी इंडिया न्यूज के साथ जुड़ चुके हैं।

सयदैन जैदीइंडिया न्यूज ज्वाइन करने वालों में लहरें के चैनल हेड सयदैन जैदी भी हैं। उन्हें इंडिया न्यूज में रेजीडेंट एडिटर का पद मिला है। वे पूरे महाराष्ट्र के हेड बनाए गए हैं। उनके साथ लहरें से शैलेश, मोहम्मद आरिफ, अनुराग, निशांत भूसे, राहुल, नाजमा आदि ने भी ज्वाइन किया है। शैलेश लहरें में एसाइनमेंट हेड पद पर रखे गए थे। निशांत भूसे एसआईटी हेड बनाए गए थे। मोहम्मद आरिफ सीनियर प्रोड्यूसर थे। राहुल एंकर थे। ये सभी ‘लहरें’ के संग ‘लहरों’ में बह नहीं पाए क्योंकि ‘लहरें’ उठी ही नहीं। नतीजन, इन लोगों को किनारे ही वेट एंड वाच वाली स्थिति में कई महीनों तक खड़ा रहना पड़ा। ‘लहरें’ उठने की दूर-दूर तक कोई उम्मीद न देख इन लोगों ने नई जगह नई पारी शुरू करना बेहतर समझा। अब इंडिया न्यूज ज्वाइन करने के बाद ये सभी मीडियाकर्मी जौहर दिखाने की तैयारी कर रहे हैं। लहरें के दिल्ली ब्यूरो चीफ के रूप में ज्वाइन करने वाले विजय पाल सिंह भी लहरें से नाता तोड़ चुके हैं। लहरें की एक टीम जो टीवी9 के साथ जुड़ी है, उनमें पंकज कौरव, सुवेश समेत कुल 13 लोग हैं।

ज्ञात हो, लहरें को लहरें इंटरटेनमेंट प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी लांच करने वाली थी जिसके फाउंडर और एमडी हैं मृत्युंजय पांडेय। लहरें इंटरटेनमेंट में टीवी9 नेटवर्क की 60 प्रतिशत भागीदारी है। सूत्रों का कहना है कि टीवी9 प्रबंधन और लहरें के फाउंडर मृत्युंजय पांडेय के बीच विवाद के चलते पूरा प्रोजेक्ट लटक गया। इस चैनल को पिछले ही साल अक्टूबर में लांच होना था लेकिन कई बार लांचिंग टली। लांचिंग टलने की बात कहने के बाद, अब इस पूरे प्रोजेक्ट के अधर में लटकने की बात करीब-करीब तय हो चुकी है।

सूत्रों का कहना है कि बीच में मृत्युंजय पांडेय ने टीवी9 से अलग हटकर किसी फाइनेंसर को तलाशने की कोशिश की लेकिन मंदी के दौर के चलते पैसा लगाने वाला कोई नहीं मिला। ‘लहरें’ का मुंबई में इनफ्रास्ट्रक्चर तैयार है। आफिस का लाखों में किराया जा रहा है। अब कहा जा रहा है कि बालीवुड से जुड़े किसी वरिष्ठ पत्रकार के नेतृत्व में लहरें की नई टीम गठित कर फिर से लांचिंग की तैयारी की जाएगी। लेकिन यह कब तक होगा, किसी को नहीं पता है। बताया जा रहा है कि जब तक टीवी9 प्रबंधन इस प्रोजेक्ट में दिलचस्पी नहीं लेता, तब तक इस चैनल की लांचिंग की संभावना नहीं है। सूत्रों का कहना है कि टीवी9 लहरें की टीम अपने हिसाब से बनाना चाहती है जबकि मृत्युंजय पांडेय अपने मन मुताबिक टीम बना रहे थे। टीवी9 ने जब लहरें के प्रोजेक्ट से धीरे-धीरे अपना हाथ खींच लिया तो पूरी टीम सकते में आ गई। बाद में टीम के जूनियर लोगों की छंटनी कर दी गई। बाकी बचे लोग टीवी9 और इंडिया न्यूज में जा चुके हैं।

कुछ लोगों का यह भी कहना है कि मंदी का दौर शुरू होने से टीवी9 ने ‘लहरें’ समेत किसी भी नए प्रोजेक्ट में पैसा लगाने से खुद को रोक लिया। कभी फिल्मी मैग्जीन के रूप में पूरे देश में विख्यात ‘लहरें’ की टीवी न्यूज चैनल की पारी भ्रूण हत्या सरीखी रही। प्रोजेक्ट लांच होने से पहले फेल होना न सिर्फ इस ब्रांड के लिए बड़ा झटका रहा बल्कि मीडिया जगत में कंपनी की साख पर भी बट्टा लगा है। अब देखना है कि लहरें फिल्मी न्यूज चैनल के रूप में कब और किस रूप में लांच हो पाता है।

अपने मोबाइल पर भड़ास की खबरें पाएं. इसके लिए Telegram एप्प इंस्टाल कर यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia

Comments on “उठने से पहले ही शांत हो गईं ‘लहरें’

Leave a Reply

Your email address will not be published.